26 सितंबर 2025 को दोहा का चौघड़िया

शुक्रवार, 26 सितंबर 2025, दोहा, Qatar। समय Asia/Qatar में है।

शुक्रवार, 26 सितंबर 2025 को दोहा में सूर्योदय के समय तिथि शुक्ल चतुर्थी (07:03 तक), नक्षत्र विशाखा (19:39 तक) और योग विष्कंभ है। सूर्योदय 05:24 पर और सूर्यास्त 17:25 पर है। राहुकाल 09:54 से 11:24 तक है।

दिन और रात
दिन 05:24 – 17:25
रात 05:24 तक
तिथि
पंचमी
नक्षत्र
विशाखा, 19:39 तक
अनुराधा
चौघड़िया
चर
लाभ
अमृत
काल
शुभ
रोग
उद्वेग
चर
रोग
काल
लाभ
उद्वेग
शुभ
अमृत
चर
रोग
राहुकाल, यमगंड और गुलिक
राहु
यम
गुलिक
अभिजीत और ब्रह्म मुहूर्त

26 सितंबर 2025 का चौघड़िया

चौघड़िया दिन (सूर्योदय से सूर्यास्त) और रात (सूर्यास्त से अगले सूर्योदय) को आठ-आठ भागों में बांटता है। अमृत, शुभ और लाभ कार्य शुरू करने के लिए अच्छे हैं; चर यात्रा के लिए अच्छा है; उद्वेग, काल और रोग में नई शुरुआत से बचना बेहतर है।

दिन का चौघड़ियासमयफल
चर05:24 – 06:54सामान्य
लाभ06:54 – 08:24शुभ
अमृत08:24 – 09:54शुभ
काल09:54 – 11:24टालें
शुभ11:24 – 12:55शुभ
रोग12:55 – 14:25टालें
उद्वेग14:25 – 15:55टालें
चर15:55 – 17:25सामान्य
रात का चौघड़ियासमयफल
रोग17:25 – 18:55टालें
काल18:55 – 20:25टालें
लाभ20:25 – 21:55शुभ
उद्वेग21:55 – 23:25टालें
शुभ23:25 – 00:55शुभ
अमृत00:55 – 02:24शुभ
चर02:24 – 03:54सामान्य
रोग03:54 – 05:24टालें

26 सितंबर 2025 का पंचांग

वारशुक्रवार
तिथि
शुक्ल चतुर्थी 07:03 तक
शुक्ल पंचमी 09:34, 27 सित॰ तक
नक्षत्र
विशाखा 19:39 तक
अनुराधा 22:38, 27 सित॰ तक
योग
विष्कंभअशुभ 20:20 तक
प्रीति 21:15, 27 सित॰ तक
करण
विष्टि (भद्रा) 07:03 तक
बव 20:19 तक
बालव 09:34, 27 सित॰ तक
चंद्र राशि
तुला 12:53 तक
सूर्य राशिकन्या
पक्षशुक्ल पक्ष

सूर्य और चंद्रमा

सूर्योदय
05:24
सूर्यास्त
17:25
चंद्रोदय
09:13
चंद्रास्त
19:57
दिनमान
12h 2m

हिंदू कैलेंडर

मास (अमांत)
आश्विन
मास (पूर्णिमांत)
आश्विन
विक्रम संवत
2082
शक संवत
1947, विश्वावसु संवत्सर
ऋतु
शरद
अयन
दक्षिणायन

शुभ समय

ब्रह्म मुहूर्त
03:48 – 04:36
अभिजीत मुहूर्त
11:00 – 11:49

अशुभ समय

राहुकाल
09:54 – 11:24
यमगंड
14:25 – 15:55
गुलिक काल
06:54 – 08:24

होरा (ग्रहों के घंटे)

हर होरा दिन या रात का बारहवां भाग होता है और उस पर एक ग्रह का शासन होता है; सूर्योदय पर पहला होरा वार के स्वामी का होता है। किसी ग्रह के होरा का उपयोग उसके कारक कार्यों के लिए करें — पढ़ाई के लिए गुरु, कला के लिए शुक्र, व्यापार के लिए बुध।

होरा स्वामीसेतकदिन / रात
शुक्र05:2406:24दिन
बुध06:2407:24दिन
चंद्र07:2408:24दिन
शनि08:2409:24दिन
गुरु09:2410:24दिन
मंगल10:2411:24दिन
सूर्य11:2412:25दिन
शुक्र12:2513:25दिन
बुध13:2514:25दिन
चंद्र14:2515:25दिन
शनि15:2516:25दिन
गुरु16:2517:25दिन
मंगल17:2518:25रात
सूर्य18:2519:25रात
शुक्र19:2520:25रात
बुध20:2521:25रात
चंद्र21:2522:25रात
शनि22:2523:25रात
गुरु23:2500:25रात
मंगल00:2501:24रात
सूर्य01:2402:24रात
शुक्र02:2403:24रात
बुध03:2404:24रात
चंद्र04:2405:24रात

अयनांश 24.2166° (लाहिड़ी)। समय दोहा (Asia/Qatar) के स्थानीय हैं।

किसी अन्य शहर का चौघड़िया

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अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

चौघड़िया क्या है?

चौघड़िया समय देखने की एक वैदिक पद्धति है, जो गुजरात और राजस्थान में लोकप्रिय है। इसमें दिन और रात को आठ-आठ भागों में बाँटा जाता है। हर भाग का स्वामी एक ग्रह होता है और उसका नाम अमृत, शुभ, लाभ, चर, उद्वेग, काल या रोग होता है।

कौन-सा चौघड़िया सबसे अच्छा है?

अमृत, शुभ और लाभ नए काम की शुरुआत, दस्तावेज़ों पर हस्ताक्षर और खरीदारी के लिए शुभ माने जाते हैं। चर यात्रा के लिए अच्छा है। उद्वेग, काल और रोग में परंपरागत रूप से नई शुरुआत से बचा जाता है।

चौघड़िया का समय हर दिन अलग क्यों होता है?

ये अवधियाँ आपके स्थान पर वास्तविक दिन (सूर्योदय से सूर्यास्त) और रात (सूर्यास्त से अगले सूर्योदय) का आठवाँ भाग होती हैं, इसलिए साल भर सूर्योदय और सूर्यास्त के साथ बदलती रहती हैं।

क्या चौघड़िया और राहु काल एक ही हैं?

नहीं। राहु काल हर दिन एक अशुभ अवधि है। चौघड़िया दिन और रात की सभी सोलह अवधियों का मूल्यांकन करता है।