7 दिसंबर 2026 को ईरोड का चौघड़िया

सोमवार, 7 दिसंबर 2026, ईरोड, भारत। समय Asia/Kolkata में है।

सोमवार, 7 दिसंबर 2026 को ईरोड में सूर्योदय के समय तिथि कृष्ण चतुर्दशी (04:13, 8 दिस॰ तक), नक्षत्र विशाखा (15:48 तक) और योग अतिगंड है। सूर्योदय 06:25 पर और सूर्यास्त 17:55 पर है। राहुकाल 07:51 से 09:18 तक है।

दिन और रात
दिन 06:25 – 17:55
रात 06:26 तक
तिथि
चतुर्दशी, 04:13 तक
अमावस्या
नक्षत्र
विशाखा, 15:48 तक
अनुराधा
चौघड़िया
अमृत
काल
शुभ
रोग
उद्वेग
चर
लाभ
अमृत
चर
रोग
काल
लाभ
उद्वेग
शुभ
अमृत
चर
राहुकाल, यमगंड और गुलिक
राहु
यम
गुलिक
अभिजीत और ब्रह्म मुहूर्त

7 दिसंबर 2026 का चौघड़िया

चौघड़िया दिन (सूर्योदय से सूर्यास्त) और रात (सूर्यास्त से अगले सूर्योदय) को आठ-आठ भागों में बांटता है। अमृत, शुभ और लाभ कार्य शुरू करने के लिए अच्छे हैं; चर यात्रा के लिए अच्छा है; उद्वेग, काल और रोग में नई शुरुआत से बचना बेहतर है।

दिन का चौघड़ियासमयफल
अमृत06:25 – 07:51शुभ
काल07:51 – 09:18टालें
शुभ09:18 – 10:44शुभ
रोग10:44 – 12:10टालें
उद्वेग12:10 – 13:36टालें
चर13:36 – 15:02सामान्य
लाभ15:02 – 16:28शुभ
अमृत16:28 – 17:55शुभ
रात का चौघड़ियासमयफल
चर17:55 – 19:28सामान्य
रोग19:28 – 21:02टालें
काल21:02 – 22:36टालें
लाभ22:36 – 00:10शुभ
उद्वेग00:10 – 01:44टालें
शुभ01:44 – 03:18शुभ
अमृत03:18 – 04:52शुभ
चर04:52 – 06:26सामान्य

7 दिसंबर 2026 का पंचांग

वारसोमवार
तिथि
कृष्ण चतुर्दशी 04:13, 8 दिस॰ तक
अमावस्या 06:21, 9 दिस॰ तक
नक्षत्र
विशाखा 15:48 तक
अनुराधा 18:16, 8 दिस॰ तक
योग
अतिगंडअशुभ 07:46 तक
सुकर्मा 08:06, 8 दिस॰ तक
करण
विष्टि (भद्रा) 15:15 तक
शकुनि 04:13, 8 दिस॰ तक
चतुष्पद 17:15, 8 दिस॰ तक
चंद्र राशि
तुला 09:14 तक
सूर्य राशिवृश्चिक
पक्षकृष्ण पक्ष

सूर्य और चंद्रमा

सूर्योदय
06:25
सूर्यास्त
17:55
चंद्रोदय
04:48
चंद्रास्त
16:30
दिनमान
11h 29m

हिंदू कैलेंडर

मास (अमांत)
कार्तिक
मास (पूर्णिमांत)
मार्गशीर्ष
विक्रम संवत
2083
शक संवत
1948, पराभव संवत्सर
ऋतु
शरद
अयन
दक्षिणायन

शुभ समय

ब्रह्म मुहूर्त
04:45 – 05:35
अभिजीत मुहूर्त
11:47 – 12:33

अशुभ समय

राहुकाल
07:51 – 09:18
यमगंड
10:44 – 12:10
गुलिक काल
13:36 – 15:02

होरा (ग्रहों के घंटे)

हर होरा दिन या रात का बारहवां भाग होता है और उस पर एक ग्रह का शासन होता है; सूर्योदय पर पहला होरा वार के स्वामी का होता है। किसी ग्रह के होरा का उपयोग उसके कारक कार्यों के लिए करें — पढ़ाई के लिए गुरु, कला के लिए शुक्र, व्यापार के लिए बुध।

होरा स्वामीसेतकदिन / रात
चंद्र06:2507:23दिन
शनि07:2308:20दिन
गुरु08:2009:18दिन
मंगल09:1810:15दिन
सूर्य10:1511:12दिन
शुक्र11:1212:10दिन
बुध12:1013:07दिन
चंद्र13:0714:05दिन
शनि14:0515:02दिन
गुरु15:0216:00दिन
मंगल16:0016:57दिन
सूर्य16:5717:55दिन
शुक्र17:5518:57रात
बुध18:5720:00रात
चंद्र20:0021:02रात
शनि21:0222:05रात
गुरु22:0523:08रात
मंगल23:0800:10रात
सूर्य00:1001:13रात
शुक्र01:1302:15रात
बुध02:1503:18रात
चंद्र03:1804:21रात
शनि04:2105:23रात
गुरु05:2306:26रात

अयनांश 24.2333° (लाहिड़ी)। समय ईरोड (Asia/Kolkata) के स्थानीय हैं।

किसी अन्य शहर का चौघड़िया

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अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

चौघड़िया क्या है?

चौघड़िया समय देखने की एक वैदिक पद्धति है, जो गुजरात और राजस्थान में लोकप्रिय है। इसमें दिन और रात को आठ-आठ भागों में बाँटा जाता है। हर भाग का स्वामी एक ग्रह होता है और उसका नाम अमृत, शुभ, लाभ, चर, उद्वेग, काल या रोग होता है।

कौन-सा चौघड़िया सबसे अच्छा है?

अमृत, शुभ और लाभ नए काम की शुरुआत, दस्तावेज़ों पर हस्ताक्षर और खरीदारी के लिए शुभ माने जाते हैं। चर यात्रा के लिए अच्छा है। उद्वेग, काल और रोग में परंपरागत रूप से नई शुरुआत से बचा जाता है।

चौघड़िया का समय हर दिन अलग क्यों होता है?

ये अवधियाँ आपके स्थान पर वास्तविक दिन (सूर्योदय से सूर्यास्त) और रात (सूर्यास्त से अगले सूर्योदय) का आठवाँ भाग होती हैं, इसलिए साल भर सूर्योदय और सूर्यास्त के साथ बदलती रहती हैं।

क्या चौघड़िया और राहु काल एक ही हैं?

नहीं। राहु काल हर दिन एक अशुभ अवधि है। चौघड़िया दिन और रात की सभी सोलह अवधियों का मूल्यांकन करता है।