18 जनवरी 2026 को जूनागढ़ का चौघड़िया

रविवार, 18 जनवरी 2026, जूनागढ़, भारत। समय Asia/Kolkata में है।

रविवार, 18 जनवरी 2026 को जूनागढ़ में सूर्योदय के समय तिथि अमावस्या (01:22, 19 जन॰ तक), नक्षत्र पूर्वाषाढ़ा (10:14 तक) और योग हर्षण है। सूर्योदय 07:28 पर और सूर्यास्त 18:28 पर है। राहुकाल 17:06 से 18:28 तक है।

दिन और रात
दिन 07:28 – 18:28
रात 07:28 तक
तिथि
अमावस्या, 01:22 तक
प्रतिपदा
नक्षत्र
उत्तराषाढ़ा
चौघड़िया
उद्वेग
चर
लाभ
अमृत
काल
शुभ
रोग
उद्वेग
शुभ
अमृत
चर
रोग
काल
लाभ
उद्वेग
शुभ
राहुकाल, यमगंड और गुलिक
राहु
यम
गुलिक
अभिजीत और ब्रह्म मुहूर्त

18 जनवरी 2026 का चौघड़िया

चौघड़िया दिन (सूर्योदय से सूर्यास्त) और रात (सूर्यास्त से अगले सूर्योदय) को आठ-आठ भागों में बांटता है। अमृत, शुभ और लाभ कार्य शुरू करने के लिए अच्छे हैं; चर यात्रा के लिए अच्छा है; उद्वेग, काल और रोग में नई शुरुआत से बचना बेहतर है।

दिन का चौघड़ियासमयफल
उद्वेग07:28 – 08:51टालें
चर08:51 – 10:13सामान्य
लाभ10:13 – 11:36शुभ
अमृत11:36 – 12:58शुभ
काल12:58 – 14:21टालें
शुभ14:21 – 15:43शुभ
रोग15:43 – 17:06टालें
उद्वेग17:06 – 18:28टालें
रात का चौघड़ियासमयफल
शुभ18:28 – 20:06शुभ
अमृत20:06 – 21:43शुभ
चर21:43 – 23:21सामान्य
रोग23:21 – 00:58टालें
काल00:58 – 02:36टालें
लाभ02:36 – 04:13शुभ
उद्वेग04:13 – 05:51टालें
शुभ05:51 – 07:28शुभ

18 जनवरी 2026 का पंचांग

वाररविवार
तिथि
अमावस्या 01:22, 19 जन॰ तक
शुक्ल प्रतिपदा 02:14, 20 जन॰ तक
नक्षत्र
उत्तराषाढ़ा 11:52, 19 जन॰ तक
योग
हर्षण 21:11 तक
वज्रअशुभ 20:45, 19 जन॰ तक
करण
चतुष्पद 12:46 तक
नाग 01:22, 19 जन॰ तक
किंस्तुघ्न 13:51, 19 जन॰ तक
चंद्र राशि
धनु 16:41 तक
सूर्य राशिमकर
पक्षकृष्ण पक्ष

सूर्य और चंद्रमा

सूर्योदय
07:28
सूर्यास्त
18:28
चंद्रोदय
07:09
चंद्रास्त
18:04
दिनमान
11h 0m

हिंदू कैलेंडर

मास (अमांत)
पौष
मास (पूर्णिमांत)
माघ
विक्रम संवत
2082
शक संवत
1947, विश्वावसु संवत्सर
ऋतु
हेमंत
अयन
उत्तरायण

शुभ समय

ब्रह्म मुहूर्त
05:44 – 06:36
अभिजीत मुहूर्त
12:36 – 13:20

अशुभ समय

राहुकाल
17:06 – 18:28
यमगंड
12:58 – 14:21
गुलिक काल
15:43 – 17:06

होरा (ग्रहों के घंटे)

हर होरा दिन या रात का बारहवां भाग होता है और उस पर एक ग्रह का शासन होता है; सूर्योदय पर पहला होरा वार के स्वामी का होता है। किसी ग्रह के होरा का उपयोग उसके कारक कार्यों के लिए करें — पढ़ाई के लिए गुरु, कला के लिए शुक्र, व्यापार के लिए बुध।

होरा स्वामीसेतकदिन / रात
सूर्य07:2808:23दिन
शुक्र08:2309:18दिन
बुध09:1810:13दिन
चंद्र10:1311:08दिन
शनि11:0812:03दिन
गुरु12:0312:58दिन
मंगल12:5813:53दिन
सूर्य13:5314:48दिन
शुक्र14:4815:43दिन
बुध15:4316:38दिन
चंद्र16:3817:33दिन
शनि17:3318:28दिन
गुरु18:2819:33रात
मंगल19:3320:38रात
सूर्य20:3821:43रात
शुक्र21:4322:48रात
बुध22:4823:53रात
चंद्र23:5300:58रात
शनि00:5802:03रात
गुरु02:0303:08रात
मंगल03:0804:13रात
सूर्य04:1305:18रात
शुक्र05:1806:23रात
बुध06:2307:28रात

अयनांश 24.2209° (लाहिड़ी)। समय जूनागढ़ (Asia/Kolkata) के स्थानीय हैं।

किसी अन्य शहर का चौघड़िया

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अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

चौघड़िया क्या है?

चौघड़िया समय देखने की एक वैदिक पद्धति है, जो गुजरात और राजस्थान में लोकप्रिय है। इसमें दिन और रात को आठ-आठ भागों में बाँटा जाता है। हर भाग का स्वामी एक ग्रह होता है और उसका नाम अमृत, शुभ, लाभ, चर, उद्वेग, काल या रोग होता है।

कौन-सा चौघड़िया सबसे अच्छा है?

अमृत, शुभ और लाभ नए काम की शुरुआत, दस्तावेज़ों पर हस्ताक्षर और खरीदारी के लिए शुभ माने जाते हैं। चर यात्रा के लिए अच्छा है। उद्वेग, काल और रोग में परंपरागत रूप से नई शुरुआत से बचा जाता है।

चौघड़िया का समय हर दिन अलग क्यों होता है?

ये अवधियाँ आपके स्थान पर वास्तविक दिन (सूर्योदय से सूर्यास्त) और रात (सूर्यास्त से अगले सूर्योदय) का आठवाँ भाग होती हैं, इसलिए साल भर सूर्योदय और सूर्यास्त के साथ बदलती रहती हैं।

क्या चौघड़िया और राहु काल एक ही हैं?

नहीं। राहु काल हर दिन एक अशुभ अवधि है। चौघड़िया दिन और रात की सभी सोलह अवधियों का मूल्यांकन करता है।