10 नवंबर 2026 को कोहिमा का चौघड़िया

मंगलवार, 10 नवंबर 2026, कोहिमा, भारत। समय Asia/Kolkata में है।

मंगलवार, 10 नवंबर 2026 को कोहिमा में सूर्योदय के समय तिथि शुक्ल प्रतिपदा (14:00 तक), नक्षत्र विशाखा (09:19 तक) और योग शोभन है। सूर्योदय 05:27 पर और सूर्यास्त 16:27 पर है। राहुकाल 13:42 से 15:04 तक है।

दिन और रात
दिन 05:27 – 16:27
रात 05:28 तक
तिथि
प्रतिपदा, 14:00 तक
द्वितीया
नक्षत्र
विशाखा, 09:19 तक
अनुराधा
चौघड़िया
रोग
उद्वेग
चर
लाभ
अमृत
काल
शुभ
रोग
काल
लाभ
उद्वेग
शुभ
अमृत
चर
रोग
काल
राहुकाल, यमगंड और गुलिक
राहु
यम
गुलिक
अभिजीत और ब्रह्म मुहूर्त

10 नवंबर 2026 का चौघड़िया

चौघड़िया दिन (सूर्योदय से सूर्यास्त) और रात (सूर्यास्त से अगले सूर्योदय) को आठ-आठ भागों में बांटता है। अमृत, शुभ और लाभ कार्य शुरू करने के लिए अच्छे हैं; चर यात्रा के लिए अच्छा है; उद्वेग, काल और रोग में नई शुरुआत से बचना बेहतर है।

दिन का चौघड़ियासमयफल
रोग05:27 – 06:49टालें
उद्वेग06:49 – 08:12टालें
चर08:12 – 09:34सामान्य
लाभ09:34 – 10:57शुभ
अमृत10:57 – 12:19शुभ
काल12:19 – 13:42टालें
शुभ13:42 – 15:04शुभ
रोग15:04 – 16:27टालें
रात का चौघड़ियासमयफल
काल16:27 – 18:04टालें
लाभ18:04 – 19:42शुभ
उद्वेग19:42 – 21:20टालें
शुभ21:20 – 22:57शुभ
अमृत22:57 – 00:35शुभ
चर00:35 – 02:12सामान्य
रोग02:12 – 03:50टालें
काल03:50 – 05:28टालें

10 नवंबर 2026 का पंचांग

वारमंगलवार
तिथि
शुक्ल प्रतिपदा 14:00 तक
शुक्ल द्वितीया 15:53, 11 नव॰ तक
नक्षत्र
विशाखा 09:19 तक
अनुराधा 11:38, 11 नव॰ तक
योग
शोभन 03:09, 11 नव॰ तक
अतिगंडअशुभ 03:40, 12 नव॰ तक
करण
बव 14:00 तक
बालव 02:54, 11 नव॰ तक
कौलव 15:53, 11 नव॰ तक
चंद्र राशि
सूर्य राशितुला
पक्षशुक्ल पक्ष

सूर्य और चंद्रमा

सूर्योदय
05:27
सूर्यास्त
16:27
चंद्रोदय
06:16
चंद्रास्त
16:54
दिनमान
11h 0m

हिंदू कैलेंडर

मास (अमांत)
कार्तिक
मास (पूर्णिमांत)
कार्तिक
विक्रम संवत
2083
शक संवत
1948, पराभव संवत्सर
ऋतु
शरद
अयन
दक्षिणायन

शुभ समय

ब्रह्म मुहूर्त
03:43 – 04:35
अभिजीत मुहूर्त
10:35 – 11:19

अशुभ समय

राहुकाल
13:42 – 15:04
यमगंड
08:12 – 09:34
गुलिक काल
10:57 – 12:19

होरा (ग्रहों के घंटे)

हर होरा दिन या रात का बारहवां भाग होता है और उस पर एक ग्रह का शासन होता है; सूर्योदय पर पहला होरा वार के स्वामी का होता है। किसी ग्रह के होरा का उपयोग उसके कारक कार्यों के लिए करें — पढ़ाई के लिए गुरु, कला के लिए शुक्र, व्यापार के लिए बुध।

होरा स्वामीसेतकदिन / रात
मंगल05:2706:22दिन
सूर्य06:2207:17दिन
शुक्र07:1708:12दिन
बुध08:1209:07दिन
चंद्र09:0710:02दिन
शनि10:0210:57दिन
गुरु10:5711:52दिन
मंगल11:5212:47दिन
सूर्य12:4713:42दिन
शुक्र13:4214:37दिन
बुध14:3715:32दिन
चंद्र15:3216:27दिन
शनि16:2717:32रात
गुरु17:3218:37रात
मंगल18:3719:42रात
सूर्य19:4220:47रात
शुक्र20:4721:52रात
बुध21:5222:57रात
चंद्र22:5700:02रात
शनि00:0201:07रात
गुरु01:0702:12रात
मंगल02:1203:18रात
सूर्य03:1804:23रात
शुक्र04:2305:28रात

अयनांश 24.2322° (लाहिड़ी)। समय कोहिमा (Asia/Kolkata) के स्थानीय हैं।

किसी अन्य शहर का चौघड़िया

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अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

चौघड़िया क्या है?

चौघड़िया समय देखने की एक वैदिक पद्धति है, जो गुजरात और राजस्थान में लोकप्रिय है। इसमें दिन और रात को आठ-आठ भागों में बाँटा जाता है। हर भाग का स्वामी एक ग्रह होता है और उसका नाम अमृत, शुभ, लाभ, चर, उद्वेग, काल या रोग होता है।

कौन-सा चौघड़िया सबसे अच्छा है?

अमृत, शुभ और लाभ नए काम की शुरुआत, दस्तावेज़ों पर हस्ताक्षर और खरीदारी के लिए शुभ माने जाते हैं। चर यात्रा के लिए अच्छा है। उद्वेग, काल और रोग में परंपरागत रूप से नई शुरुआत से बचा जाता है।

चौघड़िया का समय हर दिन अलग क्यों होता है?

ये अवधियाँ आपके स्थान पर वास्तविक दिन (सूर्योदय से सूर्यास्त) और रात (सूर्यास्त से अगले सूर्योदय) का आठवाँ भाग होती हैं, इसलिए साल भर सूर्योदय और सूर्यास्त के साथ बदलती रहती हैं।

क्या चौघड़िया और राहु काल एक ही हैं?

नहीं। राहु काल हर दिन एक अशुभ अवधि है। चौघड़िया दिन और रात की सभी सोलह अवधियों का मूल्यांकन करता है।