25 दिसंबर 2025 को कोल्हापुर का चौघड़िया

गुरुवार, 25 दिसंबर 2025, कोल्हापुर, भारत। समय Asia/Kolkata में है।

गुरुवार, 25 दिसंबर 2025 को कोल्हापुर में सूर्योदय के समय तिथि शुक्ल पंचमी (13:43 तक), नक्षत्र धनिष्ठा (08:18 तक) और योग वज्र है। सूर्योदय 06:59 पर और सूर्यास्त 18:07 पर है। राहुकाल 13:56 से 15:20 तक है।

दिन और रात
दिन 06:59 – 18:07
रात 06:59 तक
तिथि
पंचमी, 13:43 तक
षष्ठी
नक्षत्र
शतभिषा
चौघड़िया
शुभ
रोग
उद्वेग
चर
लाभ
अमृत
काल
शुभ
अमृत
चर
रोग
काल
लाभ
उद्वेग
शुभ
अमृत
राहुकाल, यमगंड और गुलिक
राहु
यम
गुलिक
अभिजीत और ब्रह्म मुहूर्त

25 दिसंबर 2025 का चौघड़िया

चौघड़िया दिन (सूर्योदय से सूर्यास्त) और रात (सूर्यास्त से अगले सूर्योदय) को आठ-आठ भागों में बांटता है। अमृत, शुभ और लाभ कार्य शुरू करने के लिए अच्छे हैं; चर यात्रा के लिए अच्छा है; उद्वेग, काल और रोग में नई शुरुआत से बचना बेहतर है।

दिन का चौघड़ियासमयफल
शुभ06:59 – 08:22शुभ
रोग08:22 – 09:46टालें
उद्वेग09:46 – 11:09टालें
चर11:09 – 12:33सामान्य
लाभ12:33 – 13:56शुभ
अमृत13:56 – 15:20शुभ
काल15:20 – 16:43टालें
शुभ16:43 – 18:07शुभ
रात का चौघड़ियासमयफल
अमृत18:07 – 19:43शुभ
चर19:43 – 21:20सामान्य
रोग21:20 – 22:56टालें
काल22:56 – 00:33टालें
लाभ00:33 – 02:09शुभ
उद्वेग02:09 – 03:46टालें
शुभ03:46 – 05:22शुभ
अमृत05:22 – 06:59शुभ

25 दिसंबर 2025 का पंचांग

वारगुरुवार
तिथि
शुक्ल पंचमी 13:43 तक
शुक्ल षष्ठी 13:44, 26 दिस॰ तक
नक्षत्र
शतभिषा 09:00, 26 दिस॰ तक
योग
वज्रअशुभ 15:13 तक
सिद्धि 14:01, 26 दिस॰ तक
करण
बालव 13:43 तक
कौलव 01:47, 26 दिस॰ तक
तैतिल 13:44, 26 दिस॰ तक
चंद्र राशि
सूर्य राशिधनु
पक्षशुक्ल पक्ष

सूर्य और चंद्रमा

सूर्योदय
06:59
सूर्यास्त
18:07
चंद्रोदय
10:49
चंद्रास्त
22:45
दिनमान
11h 8m

हिंदू कैलेंडर

मास (अमांत)
पौष
मास (पूर्णिमांत)
पौष
विक्रम संवत
2082
शक संवत
1947, विश्वावसु संवत्सर
ऋतु
हेमंत
अयन
दक्षिणायन

शुभ समय

ब्रह्म मुहूर्त
05:16 – 06:07
अभिजीत मुहूर्त
12:10 – 12:55

अशुभ समय

राहुकाल
13:56 – 15:20
यमगंड
06:59 – 08:22
गुलिक काल
09:46 – 11:09

होरा (ग्रहों के घंटे)

हर होरा दिन या रात का बारहवां भाग होता है और उस पर एक ग्रह का शासन होता है; सूर्योदय पर पहला होरा वार के स्वामी का होता है। किसी ग्रह के होरा का उपयोग उसके कारक कार्यों के लिए करें — पढ़ाई के लिए गुरु, कला के लिए शुक्र, व्यापार के लिए बुध।

होरा स्वामीसेतकदिन / रात
गुरु06:5907:54दिन
मंगल07:5408:50दिन
सूर्य08:5009:46दिन
शुक्र09:4610:41दिन
बुध10:4111:37दिन
चंद्र11:3712:33दिन
शनि12:3313:28दिन
गुरु13:2814:24दिन
मंगल14:2415:20दिन
सूर्य15:2016:15दिन
शुक्र16:1517:11दिन
बुध17:1118:07दिन
चंद्र18:0719:11रात
शनि19:1120:15रात
गुरु20:1521:20रात
मंगल21:2022:24रात
सूर्य22:2423:29रात
शुक्र23:2900:33रात
बुध00:3301:37रात
चंद्र01:3702:42रात
शनि02:4203:46रात
गुरु03:4604:50रात
मंगल04:5005:55रात
सूर्य05:5506:59रात

अयनांश 24.2200° (लाहिड़ी)। समय कोल्हापुर (Asia/Kolkata) के स्थानीय हैं।

किसी अन्य शहर का चौघड़िया

सूची में से सबसे नज़दीकी शहर चुनें।

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

चौघड़िया क्या है?

चौघड़िया समय देखने की एक वैदिक पद्धति है, जो गुजरात और राजस्थान में लोकप्रिय है। इसमें दिन और रात को आठ-आठ भागों में बाँटा जाता है। हर भाग का स्वामी एक ग्रह होता है और उसका नाम अमृत, शुभ, लाभ, चर, उद्वेग, काल या रोग होता है।

कौन-सा चौघड़िया सबसे अच्छा है?

अमृत, शुभ और लाभ नए काम की शुरुआत, दस्तावेज़ों पर हस्ताक्षर और खरीदारी के लिए शुभ माने जाते हैं। चर यात्रा के लिए अच्छा है। उद्वेग, काल और रोग में परंपरागत रूप से नई शुरुआत से बचा जाता है।

चौघड़िया का समय हर दिन अलग क्यों होता है?

ये अवधियाँ आपके स्थान पर वास्तविक दिन (सूर्योदय से सूर्यास्त) और रात (सूर्यास्त से अगले सूर्योदय) का आठवाँ भाग होती हैं, इसलिए साल भर सूर्योदय और सूर्यास्त के साथ बदलती रहती हैं।

क्या चौघड़िया और राहु काल एक ही हैं?

नहीं। राहु काल हर दिन एक अशुभ अवधि है। चौघड़िया दिन और रात की सभी सोलह अवधियों का मूल्यांकन करता है।