10 अक्टूबर 2021 को कोलकाता का चौघड़िया

रविवार, 10 अक्टूबर 2021, कोलकाता, भारत। समय Asia/Kolkata में है।

रविवार, 10 अक्टूबर 2021 को कोलकाता में सूर्योदय के समय तिथि शुक्ल पंचमी (02:14, 11 अक्टू॰ तक), नक्षत्र अनुराधा (14:43 तक) और योग आयुष्मान है। सूर्योदय 05:31 पर और सूर्यास्त 17:15 पर है। राहुकाल 15:47 से 17:15 तक है।

दिन और रात
दिन 05:31 – 17:15
रात 05:31 तक
तिथि
पंचमी, 02:14 तक
षष्ठी
नक्षत्र
अनुराधा, 14:43 तक
ज्येष्ठा
चौघड़िया
उद्वेग
चर
लाभ
अमृत
काल
शुभ
रोग
उद्वेग
शुभ
अमृत
चर
रोग
काल
लाभ
उद्वेग
शुभ
राहुकाल, यमगंड और गुलिक
राहु
यम
गुलिक
अभिजीत और ब्रह्म मुहूर्त

10 अक्टूबर 2021 का चौघड़िया

चौघड़िया दिन (सूर्योदय से सूर्यास्त) और रात (सूर्यास्त से अगले सूर्योदय) को आठ-आठ भागों में बांटता है। अमृत, शुभ और लाभ कार्य शुरू करने के लिए अच्छे हैं; चर यात्रा के लिए अच्छा है; उद्वेग, काल और रोग में नई शुरुआत से बचना बेहतर है।

दिन का चौघड़ियासमयफल
उद्वेग05:31 – 06:59टालें
चर06:59 – 08:27सामान्य
लाभ08:27 – 09:55शुभ
अमृत09:55 – 11:23शुभ
काल11:23 – 12:51टालें
शुभ12:51 – 14:19शुभ
रोग14:19 – 15:47टालें
उद्वेग15:47 – 17:15टालें
रात का चौघड़ियासमयफल
शुभ17:15 – 18:47शुभ
अमृत18:47 – 20:19शुभ
चर20:19 – 21:51सामान्य
रोग21:51 – 23:23टालें
काल23:23 – 00:55टालें
लाभ00:55 – 02:27शुभ
उद्वेग02:27 – 03:59टालें
शुभ03:59 – 05:31शुभ

10 अक्टूबर 2021 का पंचांग

वाररविवार
तिथि
शुक्ल पंचमी 02:14, 11 अक्टू॰ तक
शुक्ल षष्ठी 23:51, 11 अक्टू॰ तक
नक्षत्र
ज्येष्ठा 12:55, 11 अक्टू॰ तक
योग
आयुष्मान 15:02 तक
सौभाग्य 11:48, 11 अक्टू॰ तक
करण
बव 15:33 तक
बालव 02:14, 11 अक्टू॰ तक
कौलव 13:00, 11 अक्टू॰ तक
चंद्र राशि
सूर्य राशिकन्या
पक्षशुक्ल पक्ष

सूर्य और चंद्रमा

सूर्योदय
05:31
सूर्यास्त
17:15
चंद्रोदय
09:22
चंद्रास्त
20:27
दिनमान
11h 45m

हिंदू कैलेंडर

मास (अमांत)
आश्विन
मास (पूर्णिमांत)
आश्विन
विक्रम संवत
2078
शक संवत
1943, प्लव संवत्सर
ऋतु
शरद
अयन
दक्षिणायन

शुभ समय

ब्रह्म मुहूर्त
03:53 – 04:42
अभिजीत मुहूर्त
10:59 – 11:46

अशुभ समय

राहुकाल
15:47 – 17:15
यमगंड
11:23 – 12:51
गुलिक काल
14:19 – 15:47

होरा (ग्रहों के घंटे)

हर होरा दिन या रात का बारहवां भाग होता है और उस पर एक ग्रह का शासन होता है; सूर्योदय पर पहला होरा वार के स्वामी का होता है। किसी ग्रह के होरा का उपयोग उसके कारक कार्यों के लिए करें — पढ़ाई के लिए गुरु, कला के लिए शुक्र, व्यापार के लिए बुध।

होरा स्वामीसेतकदिन / रात
सूर्य05:3106:29दिन
शुक्र06:2907:28दिन
बुध07:2808:27दिन
चंद्र08:2709:25दिन
शनि09:2510:24दिन
गुरु10:2411:23दिन
मंगल11:2312:22दिन
सूर्य12:2213:20दिन
शुक्र13:2014:19दिन
बुध14:1915:18दिन
चंद्र15:1816:16दिन
शनि16:1617:15दिन
गुरु17:1518:17रात
मंगल18:1719:18रात
सूर्य19:1820:19रात
शुक्र20:1921:20रात
बुध21:2022:22रात
चंद्र22:2223:23रात
शनि23:2300:24रात
गुरु00:2401:26रात
मंगल01:2602:27रात
सूर्य02:2703:28रात
शुक्र03:2804:30रात
बुध04:3005:31रात

अयनांश 24.1612° (लाहिड़ी)। समय कोलकाता (Asia/Kolkata) के स्थानीय हैं।

किसी अन्य शहर का चौघड़िया

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अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

चौघड़िया क्या है?

चौघड़िया समय देखने की एक वैदिक पद्धति है, जो गुजरात और राजस्थान में लोकप्रिय है। इसमें दिन और रात को आठ-आठ भागों में बाँटा जाता है। हर भाग का स्वामी एक ग्रह होता है और उसका नाम अमृत, शुभ, लाभ, चर, उद्वेग, काल या रोग होता है।

कौन-सा चौघड़िया सबसे अच्छा है?

अमृत, शुभ और लाभ नए काम की शुरुआत, दस्तावेज़ों पर हस्ताक्षर और खरीदारी के लिए शुभ माने जाते हैं। चर यात्रा के लिए अच्छा है। उद्वेग, काल और रोग में परंपरागत रूप से नई शुरुआत से बचा जाता है।

चौघड़िया का समय हर दिन अलग क्यों होता है?

ये अवधियाँ आपके स्थान पर वास्तविक दिन (सूर्योदय से सूर्यास्त) और रात (सूर्यास्त से अगले सूर्योदय) का आठवाँ भाग होती हैं, इसलिए साल भर सूर्योदय और सूर्यास्त के साथ बदलती रहती हैं।

क्या चौघड़िया और राहु काल एक ही हैं?

नहीं। राहु काल हर दिन एक अशुभ अवधि है। चौघड़िया दिन और रात की सभी सोलह अवधियों का मूल्यांकन करता है।