20 जुलाई 2029 को कोलकाता का चौघड़िया

शुक्रवार, 20 जुलाई 2029, कोलकाता, भारत। समय Asia/Kolkata में है।

शुक्रवार, 20 जुलाई 2029 को कोलकाता में सूर्योदय के समय तिथि शुक्ल दशमी (02:13, 21 जुल॰ तक), नक्षत्र विशाखा (00:51, 21 जुल॰ तक) और योग शुभ है। सूर्योदय 05:03 पर और सूर्यास्त 18:22 पर है। राहुकाल 10:02 से 11:42 तक है।

दिन और रात
दिन 05:03 – 18:22
रात 05:03 तक
तिथि
दशमी, 02:13 तक
एकादशी
नक्षत्र
विशाखा, 00:51 तक
अनुराधा
चौघड़िया
चर
लाभ
अमृत
काल
शुभ
रोग
उद्वेग
चर
रोग
काल
लाभ
उद्वेग
शुभ
अमृत
चर
रोग
राहुकाल, यमगंड और गुलिक
राहु
यम
गुलिक
अभिजीत और ब्रह्म मुहूर्त

20 जुलाई 2029 का चौघड़िया

चौघड़िया दिन (सूर्योदय से सूर्यास्त) और रात (सूर्यास्त से अगले सूर्योदय) को आठ-आठ भागों में बांटता है। अमृत, शुभ और लाभ कार्य शुरू करने के लिए अच्छे हैं; चर यात्रा के लिए अच्छा है; उद्वेग, काल और रोग में नई शुरुआत से बचना बेहतर है।

दिन का चौघड़ियासमयफल
चर05:03 – 06:42सामान्य
लाभ06:42 – 08:22शुभ
अमृत08:22 – 10:02शुभ
काल10:02 – 11:42टालें
शुभ11:42 – 13:22शुभ
रोग13:22 – 15:02टालें
उद्वेग15:02 – 16:42टालें
चर16:42 – 18:22सामान्य
रात का चौघड़ियासमयफल
रोग18:22 – 19:42टालें
काल19:42 – 21:02टालें
लाभ21:02 – 22:22शुभ
उद्वेग22:22 – 23:43टालें
शुभ23:43 – 01:03शुभ
अमृत01:03 – 02:23शुभ
चर02:23 – 03:43सामान्य
रोग03:43 – 05:03टालें

20 जुलाई 2029 का पंचांग

वारशुक्रवार
तिथि
शुक्ल दशमी 02:13, 21 जुल॰ तक
शुक्ल एकादशी 00:15, 22 जुल॰ तक
नक्षत्र
विशाखा 00:51, 21 जुल॰ तक
अनुराधा 23:39, 21 जुल॰ तक
योग
शुभ 23:39 तक
शुक्ल 21:00, 21 जुल॰ तक
करण
तैतिल 15:16 तक
गर 02:13, 21 जुल॰ तक
वणिज 13:12, 21 जुल॰ तक
चंद्र राशि
तुला 19:10 तक
सूर्य राशिकर्क
पक्षशुक्ल पक्ष

सूर्य और चंद्रमा

सूर्योदय
05:03
सूर्यास्त
18:22
चंद्रोदय
13:31
चंद्रास्त
इस दिन चंद्रास्त नहीं
दिनमान
13h 20m

हिंदू कैलेंडर

मास (अमांत)
आषाढ़
मास (पूर्णिमांत)
आषाढ़
विक्रम संवत
2086
शक संवत
1951, सौम्य संवत्सर
ऋतु
ग्रीष्म
अयन
दक्षिणायन

शुभ समय

ब्रह्म मुहूर्त
03:37 – 04:20
अभिजीत मुहूर्त
11:16 – 12:09

अशुभ समय

राहुकाल
10:02 – 11:42
यमगंड
15:02 – 16:42
गुलिक काल
06:42 – 08:22

होरा (ग्रहों के घंटे)

हर होरा दिन या रात का बारहवां भाग होता है और उस पर एक ग्रह का शासन होता है; सूर्योदय पर पहला होरा वार के स्वामी का होता है। किसी ग्रह के होरा का उपयोग उसके कारक कार्यों के लिए करें — पढ़ाई के लिए गुरु, कला के लिए शुक्र, व्यापार के लिए बुध।

होरा स्वामीसेतकदिन / रात
शुक्र05:0306:09दिन
बुध06:0907:16दिन
चंद्र07:1608:22दिन
शनि08:2209:29दिन
गुरु09:2910:36दिन
मंगल10:3611:42दिन
सूर्य11:4212:49दिन
शुक्र12:4913:56दिन
बुध13:5615:02दिन
चंद्र15:0216:09दिन
शनि16:0917:16दिन
गुरु17:1618:22दिन
मंगल18:2219:16रात
सूर्य19:1620:09रात
शुक्र20:0921:02रात
बुध21:0221:56रात
चंद्र21:5622:49रात
शनि22:4923:43रात
गुरु23:4300:36रात
मंगल00:3601:29रात
सूर्य01:2902:23रात
शुक्र02:2303:16रात
बुध03:1604:10रात
चंद्र04:1005:03रात

अयनांश 24.2698° (लाहिड़ी)। समय कोलकाता (Asia/Kolkata) के स्थानीय हैं।

किसी अन्य शहर का चौघड़िया

सूची में से सबसे नज़दीकी शहर चुनें।

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

चौघड़िया क्या है?

चौघड़िया समय देखने की एक वैदिक पद्धति है, जो गुजरात और राजस्थान में लोकप्रिय है। इसमें दिन और रात को आठ-आठ भागों में बाँटा जाता है। हर भाग का स्वामी एक ग्रह होता है और उसका नाम अमृत, शुभ, लाभ, चर, उद्वेग, काल या रोग होता है।

कौन-सा चौघड़िया सबसे अच्छा है?

अमृत, शुभ और लाभ नए काम की शुरुआत, दस्तावेज़ों पर हस्ताक्षर और खरीदारी के लिए शुभ माने जाते हैं। चर यात्रा के लिए अच्छा है। उद्वेग, काल और रोग में परंपरागत रूप से नई शुरुआत से बचा जाता है।

चौघड़िया का समय हर दिन अलग क्यों होता है?

ये अवधियाँ आपके स्थान पर वास्तविक दिन (सूर्योदय से सूर्यास्त) और रात (सूर्यास्त से अगले सूर्योदय) का आठवाँ भाग होती हैं, इसलिए साल भर सूर्योदय और सूर्यास्त के साथ बदलती रहती हैं।

क्या चौघड़िया और राहु काल एक ही हैं?

नहीं। राहु काल हर दिन एक अशुभ अवधि है। चौघड़िया दिन और रात की सभी सोलह अवधियों का मूल्यांकन करता है।