31 जुलाई 2028 को लखनऊ का चौघड़िया

सोमवार, 31 जुलाई 2028, लखनऊ, भारत। समय Asia/Kolkata में है।

सोमवार, 31 जुलाई 2028 को लखनऊ में सूर्योदय के समय तिथि शुक्ल दशमी (08:49 तक), नक्षत्र अनुराधा (13:22 तक) और योग ब्रह्म है। सूर्योदय 05:30 पर और सूर्यास्त 18:54 पर है। राहुकाल 07:10 से 08:51 तक है।

दिन और रात
दिन 05:30 – 18:54
रात 05:30 तक
तिथि
दशमी, 08:49 तक
एकादशी
नक्षत्र
अनुराधा, 13:22 तक
ज्येष्ठा
चौघड़िया
अमृत
काल
शुभ
रोग
उद्वेग
चर
लाभ
अमृत
चर
रोग
काल
लाभ
उद्वेग
शुभ
अमृत
चर
राहुकाल, यमगंड और गुलिक
राहु
यम
गुलिक
अभिजीत और ब्रह्म मुहूर्त

31 जुलाई 2028 का चौघड़िया

चौघड़िया दिन (सूर्योदय से सूर्यास्त) और रात (सूर्यास्त से अगले सूर्योदय) को आठ-आठ भागों में बांटता है। अमृत, शुभ और लाभ कार्य शुरू करने के लिए अच्छे हैं; चर यात्रा के लिए अच्छा है; उद्वेग, काल और रोग में नई शुरुआत से बचना बेहतर है।

दिन का चौघड़ियासमयफल
अमृत05:30 – 07:10शुभ
काल07:10 – 08:51टालें
शुभ08:51 – 10:31शुभ
रोग10:31 – 12:12टालें
उद्वेग12:12 – 13:52टालें
चर13:52 – 15:33सामान्य
लाभ15:33 – 17:13शुभ
अमृत17:13 – 18:54शुभ
रात का चौघड़ियासमयफल
चर18:54 – 20:14सामान्य
रोग20:14 – 21:33टालें
काल21:33 – 22:53टालें
लाभ22:53 – 00:12शुभ
उद्वेग00:12 – 01:32टालें
शुभ01:32 – 02:51शुभ
अमृत02:51 – 04:11शुभ
चर04:11 – 05:30सामान्य

31 जुलाई 2028 का पंचांग

वारसोमवार
तिथि
शुक्ल दशमी 08:49 तक
शुक्ल एकादशी 08:51, 1 अग॰ तक
नक्षत्र
ज्येष्ठा 14:12, 1 अग॰ तक
योग
ब्रह्म 17:18 तक
इंद्र 16:28, 1 अग॰ तक
करण
गर 08:49 तक
वणिज 20:46 तक
विष्टि (भद्रा) 08:51, 1 अग॰ तक
चंद्र राशि
सूर्य राशिकर्क
पक्षशुक्ल पक्ष

सूर्य और चंद्रमा

सूर्योदय
05:30
सूर्यास्त
18:54
चंद्रोदय
15:04
चंद्रास्त
00:40
दिनमान
13h 24m

हिंदू कैलेंडर

मास (अमांत)
श्रावण
मास (पूर्णिमांत)
श्रावण
विक्रम संवत
2085
शक संवत
1950, कीलक संवत्सर
ऋतु
वर्षा
अयन
दक्षिणायन

शुभ समय

ब्रह्म मुहूर्त
04:05 – 04:48
अभिजीत मुहूर्त
11:45 – 12:39

अशुभ समय

राहुकाल
07:10 – 08:51
यमगंड
10:31 – 12:12
गुलिक काल
13:52 – 15:33

होरा (ग्रहों के घंटे)

हर होरा दिन या रात का बारहवां भाग होता है और उस पर एक ग्रह का शासन होता है; सूर्योदय पर पहला होरा वार के स्वामी का होता है। किसी ग्रह के होरा का उपयोग उसके कारक कार्यों के लिए करें — पढ़ाई के लिए गुरु, कला के लिए शुक्र, व्यापार के लिए बुध।

होरा स्वामीसेतकदिन / रात
चंद्र05:3006:37दिन
शनि06:3707:44दिन
गुरु07:4408:51दिन
मंगल08:5109:58दिन
सूर्य09:5811:05दिन
शुक्र11:0512:12दिन
बुध12:1213:19दिन
चंद्र13:1914:26दिन
शनि14:2615:33दिन
गुरु15:3316:40दिन
मंगल16:4017:47दिन
सूर्य17:4718:54दिन
शुक्र18:5419:47रात
बुध19:4720:40रात
चंद्र20:4021:33रात
शनि21:3322:26रात
गुरु22:2623:19रात
मंगल23:1900:12रात
सूर्य00:1201:05रात
शुक्र01:0501:58रात
बुध01:5802:51रात
चंद्र02:5103:44रात
शनि03:4404:37रात
गुरु04:3705:30रात

अयनांश 24.2563° (लाहिड़ी)। समय लखनऊ (Asia/Kolkata) के स्थानीय हैं।

किसी अन्य शहर का चौघड़िया

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अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

चौघड़िया क्या है?

चौघड़िया समय देखने की एक वैदिक पद्धति है, जो गुजरात और राजस्थान में लोकप्रिय है। इसमें दिन और रात को आठ-आठ भागों में बाँटा जाता है। हर भाग का स्वामी एक ग्रह होता है और उसका नाम अमृत, शुभ, लाभ, चर, उद्वेग, काल या रोग होता है।

कौन-सा चौघड़िया सबसे अच्छा है?

अमृत, शुभ और लाभ नए काम की शुरुआत, दस्तावेज़ों पर हस्ताक्षर और खरीदारी के लिए शुभ माने जाते हैं। चर यात्रा के लिए अच्छा है। उद्वेग, काल और रोग में परंपरागत रूप से नई शुरुआत से बचा जाता है।

चौघड़िया का समय हर दिन अलग क्यों होता है?

ये अवधियाँ आपके स्थान पर वास्तविक दिन (सूर्योदय से सूर्यास्त) और रात (सूर्यास्त से अगले सूर्योदय) का आठवाँ भाग होती हैं, इसलिए साल भर सूर्योदय और सूर्यास्त के साथ बदलती रहती हैं।

क्या चौघड़िया और राहु काल एक ही हैं?

नहीं। राहु काल हर दिन एक अशुभ अवधि है। चौघड़िया दिन और रात की सभी सोलह अवधियों का मूल्यांकन करता है।