28 दिसंबर 2028 को नांदेड़ का चौघड़िया

गुरुवार, 28 दिसंबर 2028, नांदेड़, भारत। समय Asia/Kolkata में है।

गुरुवार, 28 दिसंबर 2028 को नांदेड़ में सूर्योदय के समय तिथि शुक्ल द्वादशी (23:21 तक), नक्षत्र कृत्तिका (04:29, 29 दिस॰ तक) और योग साध्य है। सूर्योदय 06:52 पर और सूर्यास्त 17:52 पर है। राहुकाल 13:44 से 15:07 तक है।

दिन और रात
दिन 06:52 – 17:52
रात 06:53 तक
तिथि
द्वादशी, 23:21 तक
त्रयोदशी
नक्षत्र
कृत्तिका, 04:29 तक
रोहिणी
चौघड़िया
शुभ
रोग
उद्वेग
चर
लाभ
अमृत
काल
शुभ
अमृत
चर
रोग
काल
लाभ
उद्वेग
शुभ
अमृत
राहुकाल, यमगंड और गुलिक
राहु
यम
गुलिक
अभिजीत और ब्रह्म मुहूर्त

28 दिसंबर 2028 का चौघड़िया

चौघड़िया दिन (सूर्योदय से सूर्यास्त) और रात (सूर्यास्त से अगले सूर्योदय) को आठ-आठ भागों में बांटता है। अमृत, शुभ और लाभ कार्य शुरू करने के लिए अच्छे हैं; चर यात्रा के लिए अच्छा है; उद्वेग, काल और रोग में नई शुरुआत से बचना बेहतर है।

दिन का चौघड़ियासमयफल
शुभ06:52 – 08:15शुभ
रोग08:15 – 09:37टालें
उद्वेग09:37 – 11:00टालें
चर11:00 – 12:22सामान्य
लाभ12:22 – 13:44शुभ
अमृत13:44 – 15:07शुभ
काल15:07 – 16:29टालें
शुभ16:29 – 17:52शुभ
रात का चौघड़ियासमयफल
अमृत17:52 – 19:29शुभ
चर19:29 – 21:07सामान्य
रोग21:07 – 22:45टालें
काल22:45 – 00:22टालें
लाभ00:22 – 02:00शुभ
उद्वेग02:00 – 03:37टालें
शुभ03:37 – 05:15शुभ
अमृत05:15 – 06:53शुभ

28 दिसंबर 2028 का पंचांग

वारगुरुवार
तिथि
शुक्ल द्वादशी 23:21 तक
शुक्ल त्रयोदशी 23:36, 29 दिस॰ तक
नक्षत्र
कृत्तिका 04:29, 29 दिस॰ तक
रोहिणी 05:10, 30 दिस॰ तक
योग
साध्य 04:13, 29 दिस॰ तक
शुभ 03:08, 30 दिस॰ तक
करण
बव 10:59 तक
बालव 23:21 तक
कौलव 11:34, 29 दिस॰ तक
चंद्र राशि
मेष 09:34 तक
सूर्य राशिधनु
पक्षशुक्ल पक्ष

सूर्य और चंद्रमा

सूर्योदय
06:52
सूर्यास्त
17:52
चंद्रोदय
14:52
चंद्रास्त
03:35
दिनमान
10h 59m

हिंदू कैलेंडर

मास (अमांत)
पौष
मास (पूर्णिमांत)
पौष
विक्रम संवत
2085
शक संवत
1950, कीलक संवत्सर
ऋतु
हेमंत
अयन
दक्षिणायन

शुभ समय

ब्रह्म मुहूर्त
05:08 – 06:00
अभिजीत मुहूर्त
12:00 – 12:44

अशुभ समय

राहुकाल
13:44 – 15:07
यमगंड
06:52 – 08:15
गुलिक काल
09:37 – 11:00

होरा (ग्रहों के घंटे)

हर होरा दिन या रात का बारहवां भाग होता है और उस पर एक ग्रह का शासन होता है; सूर्योदय पर पहला होरा वार के स्वामी का होता है। किसी ग्रह के होरा का उपयोग उसके कारक कार्यों के लिए करें — पढ़ाई के लिए गुरु, कला के लिए शुक्र, व्यापार के लिए बुध।

होरा स्वामीसेतकदिन / रात
गुरु06:5207:47दिन
मंगल07:4708:42दिन
सूर्य08:4209:37दिन
शुक्र09:3710:32दिन
बुध10:3211:27दिन
चंद्र11:2712:22दिन
शनि12:2213:17दिन
गुरु13:1714:12दिन
मंगल14:1215:07दिन
सूर्य15:0716:02दिन
शुक्र16:0216:57दिन
बुध16:5717:52दिन
चंद्र17:5218:57रात
शनि18:5720:02रात
गुरु20:0221:07रात
मंगल21:0722:12रात
सूर्य22:1223:17रात
शुक्र23:1700:22रात
बुध00:2201:27रात
चंद्र01:2702:32रात
शनि02:3203:37रात
गुरु03:3704:43रात
मंगल04:4305:48रात
सूर्य05:4806:53रात

अयनांश 24.2620° (लाहिड़ी)। समय नांदेड़ (Asia/Kolkata) के स्थानीय हैं।

किसी अन्य शहर का चौघड़िया

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अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

चौघड़िया क्या है?

चौघड़िया समय देखने की एक वैदिक पद्धति है, जो गुजरात और राजस्थान में लोकप्रिय है। इसमें दिन और रात को आठ-आठ भागों में बाँटा जाता है। हर भाग का स्वामी एक ग्रह होता है और उसका नाम अमृत, शुभ, लाभ, चर, उद्वेग, काल या रोग होता है।

कौन-सा चौघड़िया सबसे अच्छा है?

अमृत, शुभ और लाभ नए काम की शुरुआत, दस्तावेज़ों पर हस्ताक्षर और खरीदारी के लिए शुभ माने जाते हैं। चर यात्रा के लिए अच्छा है। उद्वेग, काल और रोग में परंपरागत रूप से नई शुरुआत से बचा जाता है।

चौघड़िया का समय हर दिन अलग क्यों होता है?

ये अवधियाँ आपके स्थान पर वास्तविक दिन (सूर्योदय से सूर्यास्त) और रात (सूर्यास्त से अगले सूर्योदय) का आठवाँ भाग होती हैं, इसलिए साल भर सूर्योदय और सूर्यास्त के साथ बदलती रहती हैं।

क्या चौघड़िया और राहु काल एक ही हैं?

नहीं। राहु काल हर दिन एक अशुभ अवधि है। चौघड़िया दिन और रात की सभी सोलह अवधियों का मूल्यांकन करता है।