5 अक्टूबर 2029 को नेल्लोर का चौघड़िया

शुक्रवार, 5 अक्टूबर 2029, नेल्लोर, भारत। समय Asia/Kolkata में है।

शुक्रवार, 5 अक्टूबर 2029 को नेल्लोर में सूर्योदय के समय तिथि कृष्ण द्वादशी (10:46 तक), नक्षत्र मघा (13:00 तक) और योग शुभ है। सूर्योदय 05:59 पर और सूर्यास्त 17:56 पर है। राहुकाल 10:28 से 11:58 तक है।

दिन और रात
दिन 05:59 – 17:56
रात 06:00 तक
तिथि
द्वादशी, 10:46 तक
त्रयोदशी
नक्षत्र
मघा, 13:00 तक
पूर्वा फाल्गुनी
चौघड़िया
चर
लाभ
अमृत
काल
शुभ
रोग
उद्वेग
चर
रोग
काल
लाभ
उद्वेग
शुभ
अमृत
चर
रोग
राहुकाल, यमगंड और गुलिक
राहु
यम
गुलिक
अभिजीत और ब्रह्म मुहूर्त

5 अक्टूबर 2029 का चौघड़िया

चौघड़िया दिन (सूर्योदय से सूर्यास्त) और रात (सूर्यास्त से अगले सूर्योदय) को आठ-आठ भागों में बांटता है। अमृत, शुभ और लाभ कार्य शुरू करने के लिए अच्छे हैं; चर यात्रा के लिए अच्छा है; उद्वेग, काल और रोग में नई शुरुआत से बचना बेहतर है।

दिन का चौघड़ियासमयफल
चर05:59 – 07:29सामान्य
लाभ07:29 – 08:59शुभ
अमृत08:59 – 10:28शुभ
काल10:28 – 11:58टालें
शुभ11:58 – 13:27शुभ
रोग13:27 – 14:57टालें
उद्वेग14:57 – 16:27टालें
चर16:27 – 17:56सामान्य
रात का चौघड़ियासमयफल
रोग17:56 – 19:27टालें
काल19:27 – 20:57टालें
लाभ20:57 – 22:27शुभ
उद्वेग22:27 – 23:58टालें
शुभ23:58 – 01:28शुभ
अमृत01:28 – 02:59शुभ
चर02:59 – 04:29सामान्य
रोग04:29 – 06:00टालें

5 अक्टूबर 2029 का पंचांग

वारशुक्रवार
तिथि
कृष्ण द्वादशी 10:46 तक
कृष्ण त्रयोदशी 07:51, 6 अक्टू॰ तक
नक्षत्र
मघा 13:00 तक
पूर्वा फाल्गुनी 10:47, 6 अक्टू॰ तक
योग
शुभ 21:07 तक
शुक्ल 17:22, 6 अक्टू॰ तक
करण
तैतिल 10:46 तक
गर 21:22 तक
वणिज 07:51, 6 अक्टू॰ तक
चंद्र राशि
सूर्य राशिकन्या
पक्षकृष्ण पक्ष

सूर्य और चंद्रमा

सूर्योदय
05:59
सूर्यास्त
17:56
चंद्रोदय
03:17
चंद्रास्त
15:52
दिनमान
11h 57m

हिंदू कैलेंडर

मास (अमांत)
भाद्रपद
मास (पूर्णिमांत)
आश्विन
विक्रम संवत
2086
शक संवत
1951, सौम्य संवत्सर
ऋतु
वर्षा
अयन
दक्षिणायन

शुभ समय

ब्रह्म मुहूर्त
04:23 – 05:11
अभिजीत मुहूर्त
11:34 – 12:22

अशुभ समय

राहुकाल
10:28 – 11:58
यमगंड
14:57 – 16:27
गुलिक काल
07:29 – 08:59

होरा (ग्रहों के घंटे)

हर होरा दिन या रात का बारहवां भाग होता है और उस पर एक ग्रह का शासन होता है; सूर्योदय पर पहला होरा वार के स्वामी का होता है। किसी ग्रह के होरा का उपयोग उसके कारक कार्यों के लिए करें — पढ़ाई के लिए गुरु, कला के लिए शुक्र, व्यापार के लिए बुध।

होरा स्वामीसेतकदिन / रात
शुक्र05:5906:59दिन
बुध06:5907:59दिन
चंद्र07:5908:59दिन
शनि08:5909:58दिन
गुरु09:5810:58दिन
मंगल10:5811:58दिन
सूर्य11:5812:58दिन
शुक्र12:5813:57दिन
बुध13:5714:57दिन
चंद्र14:5715:57दिन
शनि15:5716:56दिन
गुरु16:5617:56दिन
मंगल17:5618:56रात
सूर्य18:5619:57रात
शुक्र19:5720:57रात
बुध20:5721:57रात
चंद्र21:5722:58रात
शनि22:5823:58रात
गुरु23:5800:58रात
मंगल00:5801:58रात
सूर्य01:5802:59रात
शुक्र02:5903:59रात
बुध03:5904:59रात
चंद्र04:5906:00रात

अयनांश 24.2728° (लाहिड़ी)। समय नेल्लोर (Asia/Kolkata) के स्थानीय हैं।

किसी अन्य शहर का चौघड़िया

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अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

चौघड़िया क्या है?

चौघड़िया समय देखने की एक वैदिक पद्धति है, जो गुजरात और राजस्थान में लोकप्रिय है। इसमें दिन और रात को आठ-आठ भागों में बाँटा जाता है। हर भाग का स्वामी एक ग्रह होता है और उसका नाम अमृत, शुभ, लाभ, चर, उद्वेग, काल या रोग होता है।

कौन-सा चौघड़िया सबसे अच्छा है?

अमृत, शुभ और लाभ नए काम की शुरुआत, दस्तावेज़ों पर हस्ताक्षर और खरीदारी के लिए शुभ माने जाते हैं। चर यात्रा के लिए अच्छा है। उद्वेग, काल और रोग में परंपरागत रूप से नई शुरुआत से बचा जाता है।

चौघड़िया का समय हर दिन अलग क्यों होता है?

ये अवधियाँ आपके स्थान पर वास्तविक दिन (सूर्योदय से सूर्यास्त) और रात (सूर्यास्त से अगले सूर्योदय) का आठवाँ भाग होती हैं, इसलिए साल भर सूर्योदय और सूर्यास्त के साथ बदलती रहती हैं।

क्या चौघड़िया और राहु काल एक ही हैं?

नहीं। राहु काल हर दिन एक अशुभ अवधि है। चौघड़िया दिन और रात की सभी सोलह अवधियों का मूल्यांकन करता है।