8 जून 2000 को नई दिल्ली का चौघड़िया

गुरुवार, 8 जून 2000, नई दिल्ली, भारत। समय Asia/Kolkata में है।

गुरुवार, 8 जून 2000 को नई दिल्ली में सूर्योदय के समय तिथि शुक्ल सप्तमी (21:34 तक), नक्षत्र मघा (12:53 तक) और योग हर्षण है। सूर्योदय 05:22 पर और सूर्यास्त 19:17 पर है। राहुकाल 14:04 से 15:49 तक है।

दिन और रात
दिन 05:22 – 19:17
रात 05:22 तक
तिथि
सप्तमी, 21:34 तक
अष्टमी
नक्षत्र
मघा, 12:53 तक
पूर्वा फाल्गुनी
चौघड़िया
शुभ
रोग
उद्वेग
चर
लाभ
अमृत
काल
शुभ
अमृत
चर
रोग
काल
लाभ
उद्वेग
शुभ
अमृत
राहुकाल, यमगंड और गुलिक
राहु
यम
गुलिक
अभिजीत और ब्रह्म मुहूर्त

8 जून 2000 का चौघड़िया

चौघड़िया दिन (सूर्योदय से सूर्यास्त) और रात (सूर्यास्त से अगले सूर्योदय) को आठ-आठ भागों में बांटता है। अमृत, शुभ और लाभ कार्य शुरू करने के लिए अच्छे हैं; चर यात्रा के लिए अच्छा है; उद्वेग, काल और रोग में नई शुरुआत से बचना बेहतर है।

दिन का चौघड़ियासमयफल
शुभ05:22 – 07:07शुभ
रोग07:07 – 08:51टालें
उद्वेग08:51 – 10:35टालें
चर10:35 – 12:20सामान्य
लाभ12:20 – 14:04शुभ
अमृत14:04 – 15:49शुभ
काल15:49 – 17:33टालें
शुभ17:33 – 19:17शुभ
रात का चौघड़ियासमयफल
अमृत19:17 – 20:33शुभ
चर20:33 – 21:49सामान्य
रोग21:49 – 23:04टालें
काल23:04 – 00:20टालें
लाभ00:20 – 01:35शुभ
उद्वेग01:35 – 02:51टालें
शुभ02:51 – 04:07शुभ
अमृत04:07 – 05:22शुभ

8 जून 2000 का पंचांग

वारगुरुवार
तिथि
शुक्ल सप्तमी 21:34 तक
शुक्ल अष्टमी 20:33, 9 जून तक
नक्षत्र
मघा 12:53 तक
योग
हर्षण 11:53 तक
वज्रअशुभ 09:49, 9 जून तक
करण
गर 10:18 तक
वणिज 21:34 तक
विष्टि (भद्रा) 08:59, 9 जून तक
चंद्र राशि
सूर्य राशिवृषभ
पक्षशुक्ल पक्ष

सूर्य और चंद्रमा

सूर्योदय
05:22
सूर्यास्त
19:17
चंद्रोदय
11:24
चंद्रास्त
इस दिन चंद्रास्त नहीं
दिनमान
13h 55m

हिंदू कैलेंडर

मास (अमांत)
ज्येष्ठ
मास (पूर्णिमांत)
ज्येष्ठ
विक्रम संवत
2057
शक संवत
1922, विक्रम संवत्सर
ऋतु
ग्रीष्म
अयन
उत्तरायण

शुभ समय

ब्रह्म मुहूर्त
04:02 – 04:42
अभिजीत मुहूर्त
11:52 – 12:48

अशुभ समय

राहुकाल
14:04 – 15:49
यमगंड
05:22 – 07:07
गुलिक काल
08:51 – 10:35

होरा (ग्रहों के घंटे)

हर होरा दिन या रात का बारहवां भाग होता है और उस पर एक ग्रह का शासन होता है; सूर्योदय पर पहला होरा वार के स्वामी का होता है। किसी ग्रह के होरा का उपयोग उसके कारक कार्यों के लिए करें — पढ़ाई के लिए गुरु, कला के लिए शुक्र, व्यापार के लिए बुध।

होरा स्वामीसेतकदिन / रात
गुरु05:2206:32दिन
मंगल06:3207:41दिन
सूर्य07:4108:51दिन
शुक्र08:5110:01दिन
बुध10:0111:10दिन
चंद्र11:1012:20दिन
शनि12:2013:29दिन
गुरु13:2914:39दिन
मंगल14:3915:49दिन
सूर्य15:4916:58दिन
शुक्र16:5818:08दिन
बुध18:0819:17दिन
चंद्र19:1720:08रात
शनि20:0820:58रात
गुरु20:5821:49रात
मंगल21:4922:39रात
सूर्य22:3923:29रात
शुक्र23:2900:20रात
बुध00:2001:10रात
चंद्र01:1002:01रात
शनि02:0102:51रात
गुरु02:5103:41रात
मंगल03:4104:32रात
सूर्य04:3205:22रात

अयनांश 23.8631° (लाहिड़ी)। समय नई दिल्ली (Asia/Kolkata) के स्थानीय हैं।

किसी अन्य शहर का चौघड़िया

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अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

चौघड़िया क्या है?

चौघड़िया समय देखने की एक वैदिक पद्धति है, जो गुजरात और राजस्थान में लोकप्रिय है। इसमें दिन और रात को आठ-आठ भागों में बाँटा जाता है। हर भाग का स्वामी एक ग्रह होता है और उसका नाम अमृत, शुभ, लाभ, चर, उद्वेग, काल या रोग होता है।

कौन-सा चौघड़िया सबसे अच्छा है?

अमृत, शुभ और लाभ नए काम की शुरुआत, दस्तावेज़ों पर हस्ताक्षर और खरीदारी के लिए शुभ माने जाते हैं। चर यात्रा के लिए अच्छा है। उद्वेग, काल और रोग में परंपरागत रूप से नई शुरुआत से बचा जाता है।

चौघड़िया का समय हर दिन अलग क्यों होता है?

ये अवधियाँ आपके स्थान पर वास्तविक दिन (सूर्योदय से सूर्यास्त) और रात (सूर्यास्त से अगले सूर्योदय) का आठवाँ भाग होती हैं, इसलिए साल भर सूर्योदय और सूर्यास्त के साथ बदलती रहती हैं।

क्या चौघड़िया और राहु काल एक ही हैं?

नहीं। राहु काल हर दिन एक अशुभ अवधि है। चौघड़िया दिन और रात की सभी सोलह अवधियों का मूल्यांकन करता है।