3 जनवरी 2025 को पर्थ का चौघड़िया

शुक्रवार, 3 जनवरी 2025, पर्थ, ऑस्ट्रेलिया। समय Australia/Perth में है।

शुक्रवार, 3 जनवरी 2025 को पर्थ में सूर्योदय के समय तिथि शुक्ल चतुर्थी (02:10, 4 जन॰ तक), नक्षत्र धनिष्ठा (00:51, 4 जन॰ तक) और योग वज्र है। सूर्योदय 05:15 पर और सूर्यास्त 19:26 पर है। राहुकाल 10:34 से 12:20 तक है।

दिन और रात
दिन 05:15 – 19:26
रात 05:16 तक
तिथि
चतुर्थी, 02:10 तक
पंचमी
नक्षत्र
धनिष्ठा, 00:51 तक
शतभिषा
चौघड़िया
चर
लाभ
अमृत
काल
शुभ
रोग
उद्वेग
चर
रोग
काल
लाभ
उद्वेग
शुभ
अमृत
चर
रोग
राहुकाल, यमगंड और गुलिक
राहु
यम
गुलिक
अभिजीत और ब्रह्म मुहूर्त

3 जनवरी 2025 का चौघड़िया

चौघड़िया दिन (सूर्योदय से सूर्यास्त) और रात (सूर्यास्त से अगले सूर्योदय) को आठ-आठ भागों में बांटता है। अमृत, शुभ और लाभ कार्य शुरू करने के लिए अच्छे हैं; चर यात्रा के लिए अच्छा है; उद्वेग, काल और रोग में नई शुरुआत से बचना बेहतर है।

दिन का चौघड़ियासमयफल
चर05:15 – 07:01सामान्य
लाभ07:01 – 08:48शुभ
अमृत08:48 – 10:34शुभ
काल10:34 – 12:20टालें
शुभ12:20 – 14:07शुभ
रोग14:07 – 15:53टालें
उद्वेग15:53 – 17:39टालें
चर17:39 – 19:26सामान्य
रात का चौघड़ियासमयफल
रोग19:26 – 20:40टालें
काल20:40 – 21:53टालें
लाभ21:53 – 23:07शुभ
उद्वेग23:07 – 00:21टालें
शुभ00:21 – 01:35शुभ
अमृत01:35 – 02:48शुभ
चर02:48 – 04:02सामान्य
रोग04:02 – 05:16टालें

3 जनवरी 2025 का पंचांग

वारशुक्रवार
तिथि
शुक्ल चतुर्थी 02:10, 4 जन॰ तक
शुक्ल पंचमी 00:31, 5 जन॰ तक
नक्षत्र
धनिष्ठा 00:51, 4 जन॰ तक
शतभिषा 23:53, 4 जन॰ तक
योग
वज्रअशुभ 15:07 तक
सिद्धि 12:38, 4 जन॰ तक
करण
वणिज 14:55 तक
विष्टि (भद्रा) 02:10, 4 जन॰ तक
बव 13:21, 4 जन॰ तक
चंद्र राशि
मकर 13:17 तक
सूर्य राशिधनु
पक्षशुक्ल पक्ष

सूर्य और चंद्रमा

सूर्योदय
05:15
सूर्यास्त
19:26
चंद्रोदय
08:19
चंद्रास्त
22:07
दिनमान
14h 11m

हिंदू कैलेंडर

मास (अमांत)
पौष
मास (पूर्णिमांत)
पौष
विक्रम संवत
2081
शक संवत
1946, क्रोधी संवत्सर
ऋतु
हेमंत
अयन
दक्षिणायन

शुभ समय

ब्रह्म मुहूर्त
03:56 – 04:36
अभिजीत मुहूर्त
11:52 – 12:49

अशुभ समय

राहुकाल
10:34 – 12:20
यमगंड
15:53 – 17:39
गुलिक काल
07:01 – 08:48

होरा (ग्रहों के घंटे)

हर होरा दिन या रात का बारहवां भाग होता है और उस पर एक ग्रह का शासन होता है; सूर्योदय पर पहला होरा वार के स्वामी का होता है। किसी ग्रह के होरा का उपयोग उसके कारक कार्यों के लिए करें — पढ़ाई के लिए गुरु, कला के लिए शुक्र, व्यापार के लिए बुध।

होरा स्वामीसेतकदिन / रात
शुक्र05:1506:26दिन
बुध06:2607:37दिन
चंद्र07:3708:48दिन
शनि08:4809:59दिन
गुरु09:5911:10दिन
मंगल11:1012:20दिन
सूर्य12:2013:31दिन
शुक्र13:3114:42दिन
बुध14:4215:53दिन
चंद्र15:5317:04दिन
शनि17:0418:15दिन
गुरु18:1519:26दिन
मंगल19:2620:15रात
सूर्य20:1521:04रात
शुक्र21:0421:53रात
बुध21:5322:42रात
चंद्र22:4223:32रात
शनि23:3200:21रात
गुरु00:2101:10रात
मंगल01:1001:59रात
सूर्य01:5902:48रात
शुक्र02:4803:37रात
बुध03:3704:27रात
चंद्र04:2705:16रात

अयनांश 24.2064° (लाहिड़ी)। समय पर्थ (Australia/Perth) के स्थानीय हैं।

किसी अन्य शहर का चौघड़िया

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अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

चौघड़िया क्या है?

चौघड़िया समय देखने की एक वैदिक पद्धति है, जो गुजरात और राजस्थान में लोकप्रिय है। इसमें दिन और रात को आठ-आठ भागों में बाँटा जाता है। हर भाग का स्वामी एक ग्रह होता है और उसका नाम अमृत, शुभ, लाभ, चर, उद्वेग, काल या रोग होता है।

कौन-सा चौघड़िया सबसे अच्छा है?

अमृत, शुभ और लाभ नए काम की शुरुआत, दस्तावेज़ों पर हस्ताक्षर और खरीदारी के लिए शुभ माने जाते हैं। चर यात्रा के लिए अच्छा है। उद्वेग, काल और रोग में परंपरागत रूप से नई शुरुआत से बचा जाता है।

चौघड़िया का समय हर दिन अलग क्यों होता है?

ये अवधियाँ आपके स्थान पर वास्तविक दिन (सूर्योदय से सूर्यास्त) और रात (सूर्यास्त से अगले सूर्योदय) का आठवाँ भाग होती हैं, इसलिए साल भर सूर्योदय और सूर्यास्त के साथ बदलती रहती हैं।

क्या चौघड़िया और राहु काल एक ही हैं?

नहीं। राहु काल हर दिन एक अशुभ अवधि है। चौघड़िया दिन और रात की सभी सोलह अवधियों का मूल्यांकन करता है।