8 अप्रैल 2025 को पर्थ का चौघड़िया

मंगलवार, 8 अप्रैल 2025, पर्थ, ऑस्ट्रेलिया। समय Australia/Perth में है।

मंगलवार, 8 अप्रैल 2025 को पर्थ में सूर्योदय के समय तिथि शुक्ल एकादशी (23:43 तक), नक्षत्र आश्लेषा (10:25 तक) और योग शूल है। सूर्योदय 06:32 पर और सूर्यास्त 18:03 पर है। राहुकाल 15:10 से 16:37 तक है।

दिन और रात
दिन 06:32 – 18:03
रात 06:33 तक
तिथि
एकादशी, 23:43 तक
द्वादशी
नक्षत्र
आश्लेषा, 10:25 तक
मघा
चौघड़िया
रोग
उद्वेग
चर
लाभ
अमृत
काल
शुभ
रोग
काल
लाभ
उद्वेग
शुभ
अमृत
चर
रोग
काल
राहुकाल, यमगंड और गुलिक
राहु
यम
गुलिक
अभिजीत और ब्रह्म मुहूर्त

8 अप्रैल 2025 का चौघड़िया

चौघड़िया दिन (सूर्योदय से सूर्यास्त) और रात (सूर्यास्त से अगले सूर्योदय) को आठ-आठ भागों में बांटता है। अमृत, शुभ और लाभ कार्य शुरू करने के लिए अच्छे हैं; चर यात्रा के लिए अच्छा है; उद्वेग, काल और रोग में नई शुरुआत से बचना बेहतर है।

दिन का चौघड़ियासमयफल
रोग06:32 – 07:58टालें
उद्वेग07:58 – 09:25टालें
चर09:25 – 10:51सामान्य
लाभ10:51 – 12:18शुभ
अमृत12:18 – 13:44शुभ
काल13:44 – 15:10टालें
शुभ15:10 – 16:37शुभ
रोग16:37 – 18:03टालें
रात का चौघड़ियासमयफल
काल18:03 – 19:37टालें
लाभ19:37 – 21:11शुभ
उद्वेग21:11 – 22:44टालें
शुभ22:44 – 00:18शुभ
अमृत00:18 – 01:52शुभ
चर01:52 – 03:25सामान्य
रोग03:25 – 04:59टालें
काल04:59 – 06:33टालें

8 अप्रैल 2025 का पंचांग

वारमंगलवार
तिथि
शुक्ल एकादशी 23:43 तक
शुक्ल द्वादशी 01:26, 10 अप्रैल तक
नक्षत्र
मघा 12:27, 9 अप्रैल तक
योग
शूलअशुभ 20:40 तक
गंडअशुभ 20:55, 9 अप्रैल तक
करण
वणिज 11:02 तक
विष्टि (भद्रा) 23:43 तक
बव 12:31, 9 अप्रैल तक
चंद्र राशि
कर्क 10:25 तक
सूर्य राशिमीन
पक्षशुक्ल पक्ष

सूर्य और चंद्रमा

सूर्योदय
06:32
सूर्यास्त
18:03
चंद्रोदय
15:48
चंद्रास्त
01:57
दिनमान
11h 31m

हिंदू कैलेंडर

मास (अमांत)
चैत्र
मास (पूर्णिमांत)
चैत्र
विक्रम संवत
2082
शक संवत
1947, विश्वावसु संवत्सर
ऋतु
वसंत
अयन
उत्तरायण

शुभ समय

ब्रह्म मुहूर्त
04:52 – 05:42
अभिजीत मुहूर्त
11:55 – 12:41

अशुभ समय

राहुकाल
15:10 – 16:37
यमगंड
09:25 – 10:51
गुलिक काल
12:18 – 13:44

होरा (ग्रहों के घंटे)

हर होरा दिन या रात का बारहवां भाग होता है और उस पर एक ग्रह का शासन होता है; सूर्योदय पर पहला होरा वार के स्वामी का होता है। किसी ग्रह के होरा का उपयोग उसके कारक कार्यों के लिए करें — पढ़ाई के लिए गुरु, कला के लिए शुक्र, व्यापार के लिए बुध।

होरा स्वामीसेतकदिन / रात
मंगल06:3207:30दिन
सूर्य07:3008:27दिन
शुक्र08:2709:25दिन
बुध09:2510:22दिन
चंद्र10:2211:20दिन
शनि11:2012:18दिन
गुरु12:1813:15दिन
मंगल13:1514:13दिन
सूर्य14:1315:10दिन
शुक्र15:1016:08दिन
बुध16:0817:06दिन
चंद्र17:0618:03दिन
शनि18:0319:06रात
गुरु19:0620:08रात
मंगल20:0821:11रात
सूर्य21:1122:13रात
शुक्र22:1323:16रात
बुध23:1600:18रात
चंद्र00:1801:20रात
शनि01:2002:23रात
गुरु02:2303:25रात
मंगल03:2504:28रात
सूर्य04:2805:30रात
शुक्र05:3006:33रात

अयनांश 24.2100° (लाहिड़ी)। समय पर्थ (Australia/Perth) के स्थानीय हैं।

किसी अन्य शहर का चौघड़िया

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अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

चौघड़िया क्या है?

चौघड़िया समय देखने की एक वैदिक पद्धति है, जो गुजरात और राजस्थान में लोकप्रिय है। इसमें दिन और रात को आठ-आठ भागों में बाँटा जाता है। हर भाग का स्वामी एक ग्रह होता है और उसका नाम अमृत, शुभ, लाभ, चर, उद्वेग, काल या रोग होता है।

कौन-सा चौघड़िया सबसे अच्छा है?

अमृत, शुभ और लाभ नए काम की शुरुआत, दस्तावेज़ों पर हस्ताक्षर और खरीदारी के लिए शुभ माने जाते हैं। चर यात्रा के लिए अच्छा है। उद्वेग, काल और रोग में परंपरागत रूप से नई शुरुआत से बचा जाता है।

चौघड़िया का समय हर दिन अलग क्यों होता है?

ये अवधियाँ आपके स्थान पर वास्तविक दिन (सूर्योदय से सूर्यास्त) और रात (सूर्यास्त से अगले सूर्योदय) का आठवाँ भाग होती हैं, इसलिए साल भर सूर्योदय और सूर्यास्त के साथ बदलती रहती हैं।

क्या चौघड़िया और राहु काल एक ही हैं?

नहीं। राहु काल हर दिन एक अशुभ अवधि है। चौघड़िया दिन और रात की सभी सोलह अवधियों का मूल्यांकन करता है।