6 जनवरी 2027 को पर्थ का चौघड़िया

बुधवार, 6 जनवरी 2027, पर्थ, ऑस्ट्रेलिया। समय Australia/Perth में है।

बुधवार, 6 जनवरी 2027 को पर्थ में सूर्योदय के समय तिथि कृष्ण चतुर्दशी (01:44, 7 जन॰ तक), नक्षत्र ज्येष्ठा (05:37 तक) और योग वृद्धि है। सूर्योदय 05:17 पर और सूर्यास्त 19:26 पर है। राहुकाल 12:22 से 14:08 तक है।

दिन और रात
दिन 05:17 – 19:26
रात 05:18 तक
तिथि
चतुर्दशी, 01:44 तक
अमावस्या
नक्षत्र
मूल
चौघड़िया
लाभ
अमृत
काल
शुभ
रोग
उद्वेग
चर
लाभ
उद्वेग
शुभ
अमृत
चर
रोग
काल
लाभ
उद्वेग
राहुकाल, यमगंड और गुलिक
राहु
यम
गुलिक
अभिजीत और ब्रह्म मुहूर्त

6 जनवरी 2027 का चौघड़िया

चौघड़िया दिन (सूर्योदय से सूर्यास्त) और रात (सूर्यास्त से अगले सूर्योदय) को आठ-आठ भागों में बांटता है। अमृत, शुभ और लाभ कार्य शुरू करने के लिए अच्छे हैं; चर यात्रा के लिए अच्छा है; उद्वेग, काल और रोग में नई शुरुआत से बचना बेहतर है।

दिन का चौघड़ियासमयफल
लाभ05:17 – 07:03शुभ
अमृत07:03 – 08:49शुभ
काल08:49 – 10:35टालें
शुभ10:35 – 12:22शुभ
रोग12:22 – 14:08टालें
उद्वेग14:08 – 15:54टालें
चर15:54 – 17:40सामान्य
लाभ17:40 – 19:26शुभ
रात का चौघड़ियासमयफल
उद्वेग19:26 – 20:40टालें
शुभ20:40 – 21:54शुभ
अमृत21:54 – 23:08शुभ
चर23:08 – 00:22सामान्य
रोग00:22 – 01:36टालें
काल01:36 – 02:50टालें
लाभ02:50 – 04:04शुभ
उद्वेग04:04 – 05:18टालें

6 जनवरी 2027 का पंचांग

वारबुधवार
तिथि
कृष्ण चतुर्दशी 01:44, 7 जन॰ तक
अमावस्या 04:24, 8 जन॰ तक
नक्षत्र
मूल 08:38, 7 जन॰ तक
योग
वृद्धि 16:02 तक
ध्रुव 16:56, 7 जन॰ तक
करण
विष्टि (भद्रा) 12:26 तक
शकुनि 01:44, 7 जन॰ तक
चतुष्पद 15:04, 7 जन॰ तक
चंद्र राशि
सूर्य राशिधनु
पक्षकृष्ण पक्ष

सूर्य और चंद्रमा

सूर्योदय
05:17
सूर्यास्त
19:26
चंद्रोदय
03:29
चंद्रास्त
18:31
दिनमान
14h 9m

हिंदू कैलेंडर

मास (अमांत)
मार्गशीर्ष
मास (पूर्णिमांत)
पौष
विक्रम संवत
2083
शक संवत
1948, पराभव संवत्सर
ऋतु
हेमंत
अयन
दक्षिणायन

शुभ समय

ब्रह्म मुहूर्त
03:58 – 04:38
अभिजीत मुहूर्त
11:53 – 12:50 (बुधवार को पारंपरिक रूप से वर्जित)

अशुभ समय

राहुकाल
12:22 – 14:08
यमगंड
07:03 – 08:49
गुलिक काल
10:35 – 12:22

होरा (ग्रहों के घंटे)

हर होरा दिन या रात का बारहवां भाग होता है और उस पर एक ग्रह का शासन होता है; सूर्योदय पर पहला होरा वार के स्वामी का होता है। किसी ग्रह के होरा का उपयोग उसके कारक कार्यों के लिए करें — पढ़ाई के लिए गुरु, कला के लिए शुक्र, व्यापार के लिए बुध।

होरा स्वामीसेतकदिन / रात
बुध05:1706:28दिन
चंद्र06:2807:39दिन
शनि07:3908:49दिन
गुरु08:4910:00दिन
मंगल10:0011:11दिन
सूर्य11:1112:22दिन
शुक्र12:2213:32दिन
बुध13:3214:43दिन
चंद्र14:4315:54दिन
शनि15:5417:05दिन
गुरु17:0518:15दिन
मंगल18:1519:26दिन
सूर्य19:2620:15रात
शुक्र20:1521:05रात
बुध21:0521:54रात
चंद्र21:5422:43रात
शनि22:4323:33रात
गुरु23:3300:22रात
मंगल00:2201:11रात
सूर्य01:1102:01रात
शुक्र02:0102:50रात
बुध02:5003:39रात
चंद्र03:3904:29रात
शनि04:2905:18रात

अयनांश 24.2344° (लाहिड़ी)। समय पर्थ (Australia/Perth) के स्थानीय हैं।

किसी अन्य शहर का चौघड़िया

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अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

चौघड़िया क्या है?

चौघड़िया समय देखने की एक वैदिक पद्धति है, जो गुजरात और राजस्थान में लोकप्रिय है। इसमें दिन और रात को आठ-आठ भागों में बाँटा जाता है। हर भाग का स्वामी एक ग्रह होता है और उसका नाम अमृत, शुभ, लाभ, चर, उद्वेग, काल या रोग होता है।

कौन-सा चौघड़िया सबसे अच्छा है?

अमृत, शुभ और लाभ नए काम की शुरुआत, दस्तावेज़ों पर हस्ताक्षर और खरीदारी के लिए शुभ माने जाते हैं। चर यात्रा के लिए अच्छा है। उद्वेग, काल और रोग में परंपरागत रूप से नई शुरुआत से बचा जाता है।

चौघड़िया का समय हर दिन अलग क्यों होता है?

ये अवधियाँ आपके स्थान पर वास्तविक दिन (सूर्योदय से सूर्यास्त) और रात (सूर्यास्त से अगले सूर्योदय) का आठवाँ भाग होती हैं, इसलिए साल भर सूर्योदय और सूर्यास्त के साथ बदलती रहती हैं।

क्या चौघड़िया और राहु काल एक ही हैं?

नहीं। राहु काल हर दिन एक अशुभ अवधि है। चौघड़िया दिन और रात की सभी सोलह अवधियों का मूल्यांकन करता है।