26 अगस्त 2028 को पर्थ का चौघड़िया

शनिवार, 26 अगस्त 2028, पर्थ, ऑस्ट्रेलिया। समय Australia/Perth में है।

शनिवार, 26 अगस्त 2028 को पर्थ में सूर्योदय के समय तिथि शुक्ल सप्तमी (22:03 तक), नक्षत्र विशाखा (21:35 तक) और योग इंद्र है। सूर्योदय 06:40 पर और सूर्यास्त 17:56 पर है। राहुकाल 09:29 से 10:54 तक है।

दिन और रात
दिन 06:40 – 17:56
रात 06:39 तक
तिथि
सप्तमी, 22:03 तक
अष्टमी
नक्षत्र
विशाखा, 21:35 तक
अनुराधा
चौघड़िया
काल
शुभ
रोग
उद्वेग
चर
लाभ
अमृत
काल
लाभ
उद्वेग
शुभ
अमृत
चर
रोग
काल
लाभ
राहुकाल, यमगंड और गुलिक
राहु
यम
गुलिक
अभिजीत और ब्रह्म मुहूर्त

26 अगस्त 2028 का चौघड़िया

चौघड़िया दिन (सूर्योदय से सूर्यास्त) और रात (सूर्यास्त से अगले सूर्योदय) को आठ-आठ भागों में बांटता है। अमृत, शुभ और लाभ कार्य शुरू करने के लिए अच्छे हैं; चर यात्रा के लिए अच्छा है; उद्वेग, काल और रोग में नई शुरुआत से बचना बेहतर है।

दिन का चौघड़ियासमयफल
काल06:40 – 08:04टालें
शुभ08:04 – 09:29शुभ
रोग09:29 – 10:54टालें
उद्वेग10:54 – 12:18टालें
चर12:18 – 13:43सामान्य
लाभ13:43 – 15:07शुभ
अमृत15:07 – 16:32शुभ
काल16:32 – 17:56टालें
रात का चौघड़ियासमयफल
लाभ17:56 – 19:31शुभ
उद्वेग19:31 – 21:07टालें
शुभ21:07 – 22:42शुभ
अमृत22:42 – 00:17शुभ
चर00:17 – 01:53सामान्य
रोग01:53 – 03:28टालें
काल03:28 – 05:03टालें
लाभ05:03 – 06:39शुभ

26 अगस्त 2028 का पंचांग

वारशनिवार
तिथि
शुक्ल सप्तमी 22:03 तक
शुक्ल अष्टमी 21:19, 27 अग॰ तक
नक्षत्र
विशाखा 21:35 तक
अनुराधा 21:34, 27 अग॰ तक
योग
इंद्र 03:48, 27 अग॰ तक
वैधृतिअशुभ 02:19, 28 अग॰ तक
करण
गर 10:41 तक
वणिज 22:03 तक
विष्टि (भद्रा) 09:35, 27 अग॰ तक
चंद्र राशि
तुला 15:42 तक
सूर्य राशिसिंह
पक्षशुक्ल पक्ष

सूर्य और चंद्रमा

सूर्योदय
06:40
सूर्यास्त
17:56
चंद्रोदय
10:07
चंद्रास्त
इस दिन चंद्रास्त नहीं
दिनमान
11h 16m

हिंदू कैलेंडर

मास (अमांत)
भाद्रपद
मास (पूर्णिमांत)
भाद्रपद
विक्रम संवत
2085
शक संवत
1950, कीलक संवत्सर
ऋतु
वर्षा
अयन
दक्षिणायन

शुभ समय

ब्रह्म मुहूर्त
04:58 – 05:49
अभिजीत मुहूर्त
11:55 – 12:41

अशुभ समय

राहुकाल
09:29 – 10:54
यमगंड
13:43 – 15:07
गुलिक काल
06:40 – 08:04

होरा (ग्रहों के घंटे)

हर होरा दिन या रात का बारहवां भाग होता है और उस पर एक ग्रह का शासन होता है; सूर्योदय पर पहला होरा वार के स्वामी का होता है। किसी ग्रह के होरा का उपयोग उसके कारक कार्यों के लिए करें — पढ़ाई के लिए गुरु, कला के लिए शुक्र, व्यापार के लिए बुध।

होरा स्वामीसेतकदिन / रात
शनि06:4007:36दिन
गुरु07:3608:33दिन
मंगल08:3309:29दिन
सूर्य09:2910:25दिन
शुक्र10:2511:22दिन
बुध11:2212:18दिन
चंद्र12:1813:14दिन
शनि13:1414:11दिन
गुरु14:1115:07दिन
मंगल15:0716:03दिन
सूर्य16:0317:00दिन
शुक्र17:0017:56दिन
बुध17:5619:00रात
चंद्र19:0020:03रात
शनि20:0321:07रात
गुरु21:0722:10रात
मंगल22:1023:14रात
सूर्य23:1400:17रात
शुक्र00:1701:21रात
बुध01:2102:25रात
चंद्र02:2503:28रात
शनि03:2804:32रात
गुरु04:3205:35रात
मंगल05:3506:39रात

अयनांश 24.2573° (लाहिड़ी)। समय पर्थ (Australia/Perth) के स्थानीय हैं।

किसी अन्य शहर का चौघड़िया

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अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

चौघड़िया क्या है?

चौघड़िया समय देखने की एक वैदिक पद्धति है, जो गुजरात और राजस्थान में लोकप्रिय है। इसमें दिन और रात को आठ-आठ भागों में बाँटा जाता है। हर भाग का स्वामी एक ग्रह होता है और उसका नाम अमृत, शुभ, लाभ, चर, उद्वेग, काल या रोग होता है।

कौन-सा चौघड़िया सबसे अच्छा है?

अमृत, शुभ और लाभ नए काम की शुरुआत, दस्तावेज़ों पर हस्ताक्षर और खरीदारी के लिए शुभ माने जाते हैं। चर यात्रा के लिए अच्छा है। उद्वेग, काल और रोग में परंपरागत रूप से नई शुरुआत से बचा जाता है।

चौघड़िया का समय हर दिन अलग क्यों होता है?

ये अवधियाँ आपके स्थान पर वास्तविक दिन (सूर्योदय से सूर्यास्त) और रात (सूर्यास्त से अगले सूर्योदय) का आठवाँ भाग होती हैं, इसलिए साल भर सूर्योदय और सूर्यास्त के साथ बदलती रहती हैं।

क्या चौघड़िया और राहु काल एक ही हैं?

नहीं। राहु काल हर दिन एक अशुभ अवधि है। चौघड़िया दिन और रात की सभी सोलह अवधियों का मूल्यांकन करता है।