18 अप्रैल 2029 को पर्थ का चौघड़िया

बुधवार, 18 अप्रैल 2029, पर्थ, ऑस्ट्रेलिया। समय Australia/Perth में है।

बुधवार, 18 अप्रैल 2029 को पर्थ में सूर्योदय के समय तिथि शुक्ल चतुर्थी (14:01 तक), नक्षत्र रोहिणी (16:11 तक) और योग सौभाग्य है। सूर्योदय 06:39 पर और सूर्यास्त 17:52 पर है। राहुकाल 12:15 से 13:39 तक है।

दिन और रात
दिन 06:39 – 17:52
रात 06:40 तक
तिथि
चतुर्थी, 14:01 तक
पंचमी
नक्षत्र
रोहिणी, 16:11 तक
मृगशिरा
चौघड़िया
लाभ
अमृत
काल
शुभ
रोग
उद्वेग
चर
लाभ
उद्वेग
शुभ
अमृत
चर
रोग
काल
लाभ
उद्वेग
राहुकाल, यमगंड और गुलिक
राहु
यम
गुलिक
अभिजीत और ब्रह्म मुहूर्त

18 अप्रैल 2029 का चौघड़िया

चौघड़िया दिन (सूर्योदय से सूर्यास्त) और रात (सूर्यास्त से अगले सूर्योदय) को आठ-आठ भागों में बांटता है। अमृत, शुभ और लाभ कार्य शुरू करने के लिए अच्छे हैं; चर यात्रा के लिए अच्छा है; उद्वेग, काल और रोग में नई शुरुआत से बचना बेहतर है।

दिन का चौघड़ियासमयफल
लाभ06:39 – 08:03शुभ
अमृत08:03 – 09:27शुभ
काल09:27 – 10:51टालें
शुभ10:51 – 12:15शुभ
रोग12:15 – 13:39टालें
उद्वेग13:39 – 15:03टालें
चर15:03 – 16:27सामान्य
लाभ16:27 – 17:52शुभ
रात का चौघड़ियासमयफल
उद्वेग17:52 – 19:28टालें
शुभ19:28 – 21:04शुभ
अमृत21:04 – 22:40शुभ
चर22:40 – 00:16सामान्य
रोग00:16 – 01:52टालें
काल01:52 – 03:28टालें
लाभ03:28 – 05:04शुभ
उद्वेग05:04 – 06:40टालें

18 अप्रैल 2029 का पंचांग

वारबुधवार
तिथि
शुक्ल चतुर्थी 14:01 तक
शुक्ल पंचमी 15:17, 19 अप्रैल तक
नक्षत्र
रोहिणी 16:11 तक
मृगशिरा 18:00, 19 अप्रैल तक
योग
सौभाग्य 08:21 तक
शोभन 08:25, 19 अप्रैल तक
करण
विष्टि (भद्रा) 14:01 तक
बव 02:43, 19 अप्रैल तक
बालव 15:17, 19 अप्रैल तक
चंद्र राशि
वृषभ 05:09, 19 अप्रैल तक
सूर्य राशिमेष
पक्षशुक्ल पक्ष

सूर्य और चंद्रमा

सूर्योदय
06:39
सूर्यास्त
17:52
चंद्रोदय
10:29
चंद्रास्त
20:37
दिनमान
11h 13m

हिंदू कैलेंडर

मास (अमांत)
चैत्र
मास (पूर्णिमांत)
चैत्र
विक्रम संवत
2086
शक संवत
1951, सौम्य संवत्सर
ऋतु
वसंत
अयन
उत्तरायण

शुभ समय

ब्रह्म मुहूर्त
04:57 – 05:48
अभिजीत मुहूर्त
11:53 – 12:38 (बुधवार को पारंपरिक रूप से वर्जित)

अशुभ समय

राहुकाल
12:15 – 13:39
यमगंड
08:03 – 09:27
गुलिक काल
10:51 – 12:15

होरा (ग्रहों के घंटे)

हर होरा दिन या रात का बारहवां भाग होता है और उस पर एक ग्रह का शासन होता है; सूर्योदय पर पहला होरा वार के स्वामी का होता है। किसी ग्रह के होरा का उपयोग उसके कारक कार्यों के लिए करें — पढ़ाई के लिए गुरु, कला के लिए शुक्र, व्यापार के लिए बुध।

होरा स्वामीसेतकदिन / रात
बुध06:3907:35दिन
चंद्र07:3508:31दिन
शनि08:3109:27दिन
गुरु09:2710:23दिन
मंगल10:2311:19दिन
सूर्य11:1912:15दिन
शुक्र12:1513:11दिन
बुध13:1114:07दिन
चंद्र14:0715:03दिन
शनि15:0315:59दिन
गुरु15:5916:55दिन
मंगल16:5517:52दिन
सूर्य17:5218:56रात
शुक्र18:5620:00रात
बुध20:0021:04रात
चंद्र21:0422:08रात
शनि22:0823:12रात
गुरु23:1200:16रात
मंगल00:1601:20रात
सूर्य01:2002:24रात
शुक्र02:2403:28रात
बुध03:2804:32रात
चंद्र04:3205:36रात
शनि05:3606:40रात

अयनांश 24.2663° (लाहिड़ी)। समय पर्थ (Australia/Perth) के स्थानीय हैं।

किसी अन्य शहर का चौघड़िया

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अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

चौघड़िया क्या है?

चौघड़िया समय देखने की एक वैदिक पद्धति है, जो गुजरात और राजस्थान में लोकप्रिय है। इसमें दिन और रात को आठ-आठ भागों में बाँटा जाता है। हर भाग का स्वामी एक ग्रह होता है और उसका नाम अमृत, शुभ, लाभ, चर, उद्वेग, काल या रोग होता है।

कौन-सा चौघड़िया सबसे अच्छा है?

अमृत, शुभ और लाभ नए काम की शुरुआत, दस्तावेज़ों पर हस्ताक्षर और खरीदारी के लिए शुभ माने जाते हैं। चर यात्रा के लिए अच्छा है। उद्वेग, काल और रोग में परंपरागत रूप से नई शुरुआत से बचा जाता है।

चौघड़िया का समय हर दिन अलग क्यों होता है?

ये अवधियाँ आपके स्थान पर वास्तविक दिन (सूर्योदय से सूर्यास्त) और रात (सूर्यास्त से अगले सूर्योदय) का आठवाँ भाग होती हैं, इसलिए साल भर सूर्योदय और सूर्यास्त के साथ बदलती रहती हैं।

क्या चौघड़िया और राहु काल एक ही हैं?

नहीं। राहु काल हर दिन एक अशुभ अवधि है। चौघड़िया दिन और रात की सभी सोलह अवधियों का मूल्यांकन करता है।