1 जनवरी 2028 को ऋषिकेश का चौघड़िया

शनिवार, 1 जनवरी 2028, ऋषिकेश, भारत। समय Asia/Kolkata में है।

शनिवार, 1 जनवरी 2028 को ऋषिकेश में सूर्योदय के समय तिथि शुक्ल चतुर्थी (10:55 तक), नक्षत्र धनिष्ठा (16:15 तक) और योग वज्र है। सूर्योदय 07:12 पर और सूर्यास्त 17:27 पर है। राहुकाल 09:46 से 11:03 तक है।

दिन और रात
दिन 07:12 – 17:27
रात 07:13 तक
तिथि
चतुर्थी, 10:55 तक
पंचमी
नक्षत्र
धनिष्ठा, 16:15 तक
शतभिषा
चौघड़िया
काल
शुभ
रोग
उद्वेग
चर
लाभ
अमृत
काल
लाभ
उद्वेग
शुभ
अमृत
चर
रोग
काल
लाभ
राहुकाल, यमगंड और गुलिक
राहु
यम
गुलिक
अभिजीत और ब्रह्म मुहूर्त

1 जनवरी 2028 का चौघड़िया

चौघड़िया दिन (सूर्योदय से सूर्यास्त) और रात (सूर्यास्त से अगले सूर्योदय) को आठ-आठ भागों में बांटता है। अमृत, शुभ और लाभ कार्य शुरू करने के लिए अच्छे हैं; चर यात्रा के लिए अच्छा है; उद्वेग, काल और रोग में नई शुरुआत से बचना बेहतर है।

दिन का चौघड़ियासमयफल
काल07:12 – 08:29टालें
शुभ08:29 – 09:46शुभ
रोग09:46 – 11:03टालें
उद्वेग11:03 – 12:20टालें
चर12:20 – 13:36सामान्य
लाभ13:36 – 14:53शुभ
अमृत14:53 – 16:10शुभ
काल16:10 – 17:27टालें
रात का चौघड़ियासमयफल
लाभ17:27 – 19:10शुभ
उद्वेग19:10 – 20:53टालें
शुभ20:53 – 22:37शुभ
अमृत22:37 – 00:20शुभ
चर00:20 – 02:03सामान्य
रोग02:03 – 03:46टालें
काल03:46 – 05:29टालें
लाभ05:29 – 07:13शुभ

1 जनवरी 2028 का पंचांग

वारशनिवार
तिथि
शुक्ल चतुर्थी 10:55 तक
शुक्ल पंचमी 13:40, 2 जन॰ तक
नक्षत्र
शतभिषा 19:22, 2 जन॰ तक
योग
वज्रअशुभ 10:43 तक
सिद्धि 11:42, 2 जन॰ तक
करण
विष्टि (भद्रा) 10:55 तक
बव 00:18, 2 जन॰ तक
बालव 13:40, 2 जन॰ तक
चंद्र राशि
सूर्य राशिधनु
पक्षशुक्ल पक्ष

सूर्य और चंद्रमा

सूर्योदय
07:12
सूर्यास्त
17:27
चंद्रोदय
09:56
चंद्रास्त
21:32
दिनमान
10h 15m

हिंदू कैलेंडर

मास (अमांत)
पौष
मास (पूर्णिमांत)
पौष
विक्रम संवत
2084
शक संवत
1949, प्लवंग संवत्सर
ऋतु
हेमंत
अयन
दक्षिणायन

शुभ समय

ब्रह्म मुहूर्त
05:22 – 06:17
अभिजीत मुहूर्त
11:59 – 12:40

अशुभ समय

राहुकाल
09:46 – 11:03
यमगंड
13:36 – 14:53
गुलिक काल
07:12 – 08:29

होरा (ग्रहों के घंटे)

हर होरा दिन या रात का बारहवां भाग होता है और उस पर एक ग्रह का शासन होता है; सूर्योदय पर पहला होरा वार के स्वामी का होता है। किसी ग्रह के होरा का उपयोग उसके कारक कार्यों के लिए करें — पढ़ाई के लिए गुरु, कला के लिए शुक्र, व्यापार के लिए बुध।

होरा स्वामीसेतकदिन / रात
शनि07:1208:03दिन
गुरु08:0308:55दिन
मंगल08:5509:46दिन
सूर्य09:4610:37दिन
शुक्र10:3711:28दिन
बुध11:2812:20दिन
चंद्र12:2013:11दिन
शनि13:1114:02दिन
गुरु14:0214:53दिन
मंगल14:5315:45दिन
सूर्य15:4516:36दिन
शुक्र16:3617:27दिन
बुध17:2718:36रात
चंद्र18:3619:45रात
शनि19:4520:53रात
गुरु20:5322:02रात
मंगल22:0223:11रात
सूर्य23:1100:20रात
शुक्र00:2001:29रात
बुध01:2902:37रात
चंद्र02:3703:46रात
शनि03:4604:55रात
गुरु04:5506:04रात
मंगल06:0407:13रात

अयनांश 24.2482° (लाहिड़ी)। समय ऋषिकेश (Asia/Kolkata) के स्थानीय हैं।

किसी अन्य शहर का चौघड़िया

सूची में से सबसे नज़दीकी शहर चुनें।

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

चौघड़िया क्या है?

चौघड़िया समय देखने की एक वैदिक पद्धति है, जो गुजरात और राजस्थान में लोकप्रिय है। इसमें दिन और रात को आठ-आठ भागों में बाँटा जाता है। हर भाग का स्वामी एक ग्रह होता है और उसका नाम अमृत, शुभ, लाभ, चर, उद्वेग, काल या रोग होता है।

कौन-सा चौघड़िया सबसे अच्छा है?

अमृत, शुभ और लाभ नए काम की शुरुआत, दस्तावेज़ों पर हस्ताक्षर और खरीदारी के लिए शुभ माने जाते हैं। चर यात्रा के लिए अच्छा है। उद्वेग, काल और रोग में परंपरागत रूप से नई शुरुआत से बचा जाता है।

चौघड़िया का समय हर दिन अलग क्यों होता है?

ये अवधियाँ आपके स्थान पर वास्तविक दिन (सूर्योदय से सूर्यास्त) और रात (सूर्यास्त से अगले सूर्योदय) का आठवाँ भाग होती हैं, इसलिए साल भर सूर्योदय और सूर्यास्त के साथ बदलती रहती हैं।

क्या चौघड़िया और राहु काल एक ही हैं?

नहीं। राहु काल हर दिन एक अशुभ अवधि है। चौघड़िया दिन और रात की सभी सोलह अवधियों का मूल्यांकन करता है।