14 सितंबर 2026 को रियाद का चौघड़िया

सोमवार, 14 सितंबर 2026, रियाद, Saudi Arabia। समय Asia/Riyadh में है।

सोमवार, 14 सितंबर 2026 को रियाद में सूर्योदय के समय तिथि शुक्ल चतुर्थी (05:14, 15 सित॰ तक), नक्षत्र चित्रा (11:25 तक) और योग ब्रह्म है। सूर्योदय 05:38 पर और सूर्यास्त 17:58 पर है। राहुकाल 07:11 से 08:43 तक है।

दिन और रात
दिन 05:38 – 17:58
रात 05:39 तक
तिथि
चतुर्थी, 05:14 तक
नक्षत्र
चित्रा, 11:25 तक
स्वाति
चौघड़िया
अमृत
काल
शुभ
रोग
उद्वेग
चर
लाभ
अमृत
चर
रोग
काल
लाभ
उद्वेग
शुभ
अमृत
चर
राहुकाल, यमगंड और गुलिक
राहु
यम
गुलिक
अभिजीत और ब्रह्म मुहूर्त

14 सितंबर 2026 का चौघड़िया

चौघड़िया दिन (सूर्योदय से सूर्यास्त) और रात (सूर्यास्त से अगले सूर्योदय) को आठ-आठ भागों में बांटता है। अमृत, शुभ और लाभ कार्य शुरू करने के लिए अच्छे हैं; चर यात्रा के लिए अच्छा है; उद्वेग, काल और रोग में नई शुरुआत से बचना बेहतर है।

दिन का चौघड़ियासमयफल
अमृत05:38 – 07:11शुभ
काल07:11 – 08:43टालें
शुभ08:43 – 10:16शुभ
रोग10:16 – 11:48टालें
उद्वेग11:48 – 13:20टालें
चर13:20 – 14:53सामान्य
लाभ14:53 – 16:25शुभ
अमृत16:25 – 17:58शुभ
रात का चौघड़ियासमयफल
चर17:58 – 19:25सामान्य
रोग19:25 – 20:53टालें
काल20:53 – 22:21टालें
लाभ22:21 – 23:48शुभ
उद्वेग23:48 – 01:16टालें
शुभ01:16 – 02:43शुभ
अमृत02:43 – 04:11शुभ
चर04:11 – 05:39सामान्य

14 सितंबर 2026 का पंचांग

वारसोमवार
तिथि
शुक्ल चतुर्थी 05:14, 15 सित॰ तक
शुक्ल पंचमी 06:29, 16 सित॰ तक
नक्षत्र
चित्रा 11:25 तक
स्वाति 12:51, 15 सित॰ तक
योग
ब्रह्म 10:16 तक
इंद्र 09:50, 15 सित॰ तक
करण
वणिज 16:51 तक
विष्टि (भद्रा) 05:14, 15 सित॰ तक
बव 17:47, 15 सित॰ तक
चंद्र राशि
सूर्य राशिसिंह
पक्षशुक्ल पक्ष

सूर्य और चंद्रमा

सूर्योदय
05:38
सूर्यास्त
17:58
चंद्रोदय
08:32
चंद्रास्त
19:49
दिनमान
12h 19m

हिंदू कैलेंडर

मास (अमांत)
भाद्रपद
मास (पूर्णिमांत)
भाद्रपद
विक्रम संवत
2083
शक संवत
1948, पराभव संवत्सर
ऋतु
वर्षा
अयन
दक्षिणायन

शुभ समय

ब्रह्म मुहूर्त
04:05 – 04:52
अभिजीत मुहूर्त
11:23 – 12:13

अशुभ समय

राहुकाल
07:11 – 08:43
यमगंड
10:16 – 11:48
गुलिक काल
13:20 – 14:53

होरा (ग्रहों के घंटे)

हर होरा दिन या रात का बारहवां भाग होता है और उस पर एक ग्रह का शासन होता है; सूर्योदय पर पहला होरा वार के स्वामी का होता है। किसी ग्रह के होरा का उपयोग उसके कारक कार्यों के लिए करें — पढ़ाई के लिए गुरु, कला के लिए शुक्र, व्यापार के लिए बुध।

होरा स्वामीसेतकदिन / रात
चंद्र05:3806:40दिन
शनि06:4007:42दिन
गुरु07:4208:43दिन
मंगल08:4309:45दिन
सूर्य09:4510:46दिन
शुक्र10:4611:48दिन
बुध11:4812:50दिन
चंद्र12:5013:51दिन
शनि13:5114:53दिन
गुरु14:5315:55दिन
मंगल15:5516:56दिन
सूर्य16:5617:58दिन
शुक्र17:5818:56रात
बुध18:5619:55रात
चंद्र19:5520:53रात
शनि20:5321:51रात
गुरु21:5122:50रात
मंगल22:5023:48रात
सूर्य23:4800:47रात
शुक्र00:4701:45रात
बुध01:4502:43रात
चंद्र02:4303:42रात
शनि03:4204:40रात
गुरु04:4005:39रात

अयनांश 24.2301° (लाहिड़ी)। समय रियाद (Asia/Riyadh) के स्थानीय हैं।

किसी अन्य शहर का चौघड़िया

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अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

चौघड़िया क्या है?

चौघड़िया समय देखने की एक वैदिक पद्धति है, जो गुजरात और राजस्थान में लोकप्रिय है। इसमें दिन और रात को आठ-आठ भागों में बाँटा जाता है। हर भाग का स्वामी एक ग्रह होता है और उसका नाम अमृत, शुभ, लाभ, चर, उद्वेग, काल या रोग होता है।

कौन-सा चौघड़िया सबसे अच्छा है?

अमृत, शुभ और लाभ नए काम की शुरुआत, दस्तावेज़ों पर हस्ताक्षर और खरीदारी के लिए शुभ माने जाते हैं। चर यात्रा के लिए अच्छा है। उद्वेग, काल और रोग में परंपरागत रूप से नई शुरुआत से बचा जाता है।

चौघड़िया का समय हर दिन अलग क्यों होता है?

ये अवधियाँ आपके स्थान पर वास्तविक दिन (सूर्योदय से सूर्यास्त) और रात (सूर्यास्त से अगले सूर्योदय) का आठवाँ भाग होती हैं, इसलिए साल भर सूर्योदय और सूर्यास्त के साथ बदलती रहती हैं।

क्या चौघड़िया और राहु काल एक ही हैं?

नहीं। राहु काल हर दिन एक अशुभ अवधि है। चौघड़िया दिन और रात की सभी सोलह अवधियों का मूल्यांकन करता है।