26 अक्टूबर 2026 को रियाद का चौघड़िया

सोमवार, 26 अक्टूबर 2026, रियाद, Saudi Arabia। समय Asia/Riyadh में है।

सोमवार, 26 अक्टूबर 2026 को रियाद में सूर्योदय के समय तिथि पूर्णिमा (07:11 तक), नक्षत्र अश्विनी (15:11 तक) और योग वज्र है। सूर्योदय 05:56 पर और सूर्यास्त 17:17 पर है। राहुकाल 07:21 से 08:46 तक है।

दिन और रात
दिन 05:56 – 17:17
रात 05:57 तक
तिथि
प्रतिपदा, 04:32 तक
नक्षत्र
अश्विनी, 15:11 तक
भरणी
चौघड़िया
अमृत
काल
शुभ
रोग
उद्वेग
चर
लाभ
अमृत
चर
रोग
काल
लाभ
उद्वेग
शुभ
अमृत
चर
राहुकाल, यमगंड और गुलिक
राहु
यम
गुलिक
अभिजीत और ब्रह्म मुहूर्त

26 अक्टूबर 2026 का चौघड़िया

चौघड़िया दिन (सूर्योदय से सूर्यास्त) और रात (सूर्यास्त से अगले सूर्योदय) को आठ-आठ भागों में बांटता है। अमृत, शुभ और लाभ कार्य शुरू करने के लिए अच्छे हैं; चर यात्रा के लिए अच्छा है; उद्वेग, काल और रोग में नई शुरुआत से बचना बेहतर है।

दिन का चौघड़ियासमयफल
अमृत05:56 – 07:21शुभ
काल07:21 – 08:46टालें
शुभ08:46 – 10:11शुभ
रोग10:11 – 11:36टालें
उद्वेग11:36 – 13:02टालें
चर13:02 – 14:27सामान्य
लाभ14:27 – 15:52शुभ
अमृत15:52 – 17:17शुभ
रात का चौघड़ियासमयफल
चर17:17 – 18:52सामान्य
रोग18:52 – 20:27टालें
काल20:27 – 22:02टालें
लाभ22:02 – 23:37शुभ
उद्वेग23:37 – 01:12टालें
शुभ01:12 – 02:47शुभ
अमृत02:47 – 04:22शुभ
चर04:22 – 05:57सामान्य

26 अक्टूबर 2026 का पंचांग

वारसोमवार
तिथि
पूर्णिमा 07:11 तक
कृष्ण प्रतिपदा 04:32, 27 अक्टू॰ तक
कृष्ण द्वितीया 01:37, 28 अक्टू॰ तक
नक्षत्र
भरणी 13:09, 27 अक्टू॰ तक
योग
वज्रअशुभ 11:47 तक
सिद्धि 08:23, 27 अक्टू॰ तक
करण
बव 07:11 तक
बालव 17:54 तक
कौलव 04:32, 27 अक्टू॰ तक
तैतिल 15:05, 27 अक्टू॰ तक
चंद्र राशि
सूर्य राशितुला
पक्षशुक्ल पक्ष

सूर्य और चंद्रमा

सूर्योदय
05:56
सूर्यास्त
17:17
चंद्रोदय
17:16
चंद्रास्त
05:58
दिनमान
11h 21m

हिंदू कैलेंडर

मास (अमांत)
आश्विन
मास (पूर्णिमांत)
आश्विन
विक्रम संवत
2083
शक संवत
1948, पराभव संवत्सर
ऋतु
शरद
अयन
दक्षिणायन

शुभ समय

ब्रह्म मुहूर्त
04:15 – 05:06
अभिजीत मुहूर्त
11:14 – 11:59

अशुभ समय

राहुकाल
07:21 – 08:46
यमगंड
10:11 – 11:36
गुलिक काल
13:02 – 14:27

होरा (ग्रहों के घंटे)

हर होरा दिन या रात का बारहवां भाग होता है और उस पर एक ग्रह का शासन होता है; सूर्योदय पर पहला होरा वार के स्वामी का होता है। किसी ग्रह के होरा का उपयोग उसके कारक कार्यों के लिए करें — पढ़ाई के लिए गुरु, कला के लिए शुक्र, व्यापार के लिए बुध।

होरा स्वामीसेतकदिन / रात
चंद्र05:5606:53दिन
शनि06:5307:50दिन
गुरु07:5008:46दिन
मंगल08:4609:43दिन
सूर्य09:4310:40दिन
शुक्र10:4011:36दिन
बुध11:3612:33दिन
चंद्र12:3313:30दिन
शनि13:3014:27दिन
गुरु14:2715:23दिन
मंगल15:2316:20दिन
सूर्य16:2017:17दिन
शुक्र17:1718:20रात
बुध18:2019:23रात
चंद्र19:2320:27रात
शनि20:2721:30रात
गुरु21:3022:33रात
मंगल22:3323:37रात
सूर्य23:3700:40रात
शुक्र00:4001:43रात
बुध01:4302:47रात
चंद्र02:4703:50रात
शनि03:5004:53रात
गुरु04:5305:57रात

अयनांश 24.2317° (लाहिड़ी)। समय रियाद (Asia/Riyadh) के स्थानीय हैं।

किसी अन्य शहर का चौघड़िया

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अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

चौघड़िया क्या है?

चौघड़िया समय देखने की एक वैदिक पद्धति है, जो गुजरात और राजस्थान में लोकप्रिय है। इसमें दिन और रात को आठ-आठ भागों में बाँटा जाता है। हर भाग का स्वामी एक ग्रह होता है और उसका नाम अमृत, शुभ, लाभ, चर, उद्वेग, काल या रोग होता है।

कौन-सा चौघड़िया सबसे अच्छा है?

अमृत, शुभ और लाभ नए काम की शुरुआत, दस्तावेज़ों पर हस्ताक्षर और खरीदारी के लिए शुभ माने जाते हैं। चर यात्रा के लिए अच्छा है। उद्वेग, काल और रोग में परंपरागत रूप से नई शुरुआत से बचा जाता है।

चौघड़िया का समय हर दिन अलग क्यों होता है?

ये अवधियाँ आपके स्थान पर वास्तविक दिन (सूर्योदय से सूर्यास्त) और रात (सूर्यास्त से अगले सूर्योदय) का आठवाँ भाग होती हैं, इसलिए साल भर सूर्योदय और सूर्यास्त के साथ बदलती रहती हैं।

क्या चौघड़िया और राहु काल एक ही हैं?

नहीं। राहु काल हर दिन एक अशुभ अवधि है। चौघड़िया दिन और रात की सभी सोलह अवधियों का मूल्यांकन करता है।