20 अक्टूबर 2028 को सेलम का चौघड़िया

शुक्रवार, 20 अक्टूबर 2028, सेलम, भारत। समय Asia/Kolkata में है।

शुक्रवार, 20 अक्टूबर 2028 को सेलम में सूर्योदय के समय तिथि शुक्ल तृतीया (23:32 तक), नक्षत्र विशाखा (12:58 तक) और योग आयुष्मान है। सूर्योदय 06:07 पर और सूर्यास्त 17:56 पर है। राहुकाल 10:33 से 12:02 तक है।

दिन और रात
दिन 06:07 – 17:56
रात 06:07 तक
तिथि
तृतीया, 23:32 तक
चतुर्थी
नक्षत्र
विशाखा, 12:58 तक
अनुराधा
चौघड़िया
चर
लाभ
अमृत
काल
शुभ
रोग
उद्वेग
चर
रोग
काल
लाभ
उद्वेग
शुभ
अमृत
चर
रोग
राहुकाल, यमगंड और गुलिक
राहु
यम
गुलिक
अभिजीत और ब्रह्म मुहूर्त

20 अक्टूबर 2028 का चौघड़िया

चौघड़िया दिन (सूर्योदय से सूर्यास्त) और रात (सूर्यास्त से अगले सूर्योदय) को आठ-आठ भागों में बांटता है। अमृत, शुभ और लाभ कार्य शुरू करने के लिए अच्छे हैं; चर यात्रा के लिए अच्छा है; उद्वेग, काल और रोग में नई शुरुआत से बचना बेहतर है।

दिन का चौघड़ियासमयफल
चर06:07 – 07:36सामान्य
लाभ07:36 – 09:04शुभ
अमृत09:04 – 10:33शुभ
काल10:33 – 12:02टालें
शुभ12:02 – 13:30शुभ
रोग13:30 – 14:59टालें
उद्वेग14:59 – 16:28टालें
चर16:28 – 17:56सामान्य
रात का चौघड़ियासमयफल
रोग17:56 – 19:28टालें
काल19:28 – 20:59टालें
लाभ20:59 – 22:30शुभ
उद्वेग22:30 – 00:02टालें
शुभ00:02 – 01:33शुभ
अमृत01:33 – 03:04शुभ
चर03:04 – 04:36सामान्य
रोग04:36 – 06:07टालें

20 अक्टूबर 2028 का पंचांग

वारशुक्रवार
तिथि
शुक्ल तृतीया 23:32 तक
शुक्ल चतुर्थी 21:48, 21 अक्टू॰ तक
नक्षत्र
विशाखा 12:58 तक
अनुराधा 11:36, 21 अक्टू॰ तक
योग
आयुष्मान 18:26 तक
सौभाग्य 15:43, 21 अक्टू॰ तक
करण
तैतिल 12:41 तक
गर 23:32 तक
वणिज 10:34, 21 अक्टू॰ तक
चंद्र राशि
तुला 07:24 तक
सूर्य राशितुला
पक्षशुक्ल पक्ष

सूर्य और चंद्रमा

सूर्योदय
06:07
सूर्यास्त
17:56
चंद्रोदय
08:06
चंद्रास्त
19:52
दिनमान
11h 49m

हिंदू कैलेंडर

मास (अमांत)
कार्तिक
मास (पूर्णिमांत)
कार्तिक
विक्रम संवत
2085
शक संवत
1950, कीलक संवत्सर
ऋतु
शरद
अयन
दक्षिणायन

शुभ समय

ब्रह्म मुहूर्त
04:30 – 05:18
अभिजीत मुहूर्त
11:38 – 12:25

अशुभ समय

राहुकाल
10:33 – 12:02
यमगंड
14:59 – 16:28
गुलिक काल
07:36 – 09:04

होरा (ग्रहों के घंटे)

हर होरा दिन या रात का बारहवां भाग होता है और उस पर एक ग्रह का शासन होता है; सूर्योदय पर पहला होरा वार के स्वामी का होता है। किसी ग्रह के होरा का उपयोग उसके कारक कार्यों के लिए करें — पढ़ाई के लिए गुरु, कला के लिए शुक्र, व्यापार के लिए बुध।

होरा स्वामीसेतकदिन / रात
शुक्र06:0707:06दिन
बुध07:0608:05दिन
चंद्र08:0509:04दिन
शनि09:0410:03दिन
गुरु10:0311:02दिन
मंगल11:0212:02दिन
सूर्य12:0213:01दिन
शुक्र13:0114:00दिन
बुध14:0014:59दिन
चंद्र14:5915:58दिन
शनि15:5816:57दिन
गुरु16:5717:56दिन
मंगल17:5618:57रात
सूर्य18:5719:58रात
शुक्र19:5820:59रात
बुध20:5922:00रात
चंद्र22:0023:01रात
शनि23:0100:02रात
गुरु00:0201:03रात
मंगल01:0302:03रात
सूर्य02:0303:04रात
शुक्र03:0404:05रात
बुध04:0505:06रात
चंद्र05:0606:07रात

अयनांश 24.2594° (लाहिड़ी)। समय सेलम (Asia/Kolkata) के स्थानीय हैं।

किसी अन्य शहर का चौघड़िया

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अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

चौघड़िया क्या है?

चौघड़िया समय देखने की एक वैदिक पद्धति है, जो गुजरात और राजस्थान में लोकप्रिय है। इसमें दिन और रात को आठ-आठ भागों में बाँटा जाता है। हर भाग का स्वामी एक ग्रह होता है और उसका नाम अमृत, शुभ, लाभ, चर, उद्वेग, काल या रोग होता है।

कौन-सा चौघड़िया सबसे अच्छा है?

अमृत, शुभ और लाभ नए काम की शुरुआत, दस्तावेज़ों पर हस्ताक्षर और खरीदारी के लिए शुभ माने जाते हैं। चर यात्रा के लिए अच्छा है। उद्वेग, काल और रोग में परंपरागत रूप से नई शुरुआत से बचा जाता है।

चौघड़िया का समय हर दिन अलग क्यों होता है?

ये अवधियाँ आपके स्थान पर वास्तविक दिन (सूर्योदय से सूर्यास्त) और रात (सूर्यास्त से अगले सूर्योदय) का आठवाँ भाग होती हैं, इसलिए साल भर सूर्योदय और सूर्यास्त के साथ बदलती रहती हैं।

क्या चौघड़िया और राहु काल एक ही हैं?

नहीं। राहु काल हर दिन एक अशुभ अवधि है। चौघड़िया दिन और रात की सभी सोलह अवधियों का मूल्यांकन करता है।