राहु (Rahu)

राहु चंद्रमा का उत्तरी पात (नोड) है, एक छाया ग्रह। यह इच्छा, महत्वाकांक्षा और लीक से हटकर चीज़ों को बढ़ा देता है, और विदेश व तकनीक से जुड़ा है।

अभी राहु कुंभ 2° 44′ 56″ पर, धनिष्ठा नक्षत्र में है।

राहु किसका कारक है

  • महत्वाकांक्षा और जुनून
  • विदेश यात्रा
  • तकनीक और नवाचार
  • भ्रम और उलझन

जब राहु बलवान हो

शुभ स्थिति में राहु अचानक उन्नति, प्रसिद्धि, विदेश में सफलता और अनोखी प्रतिभा दे सकता है।

जब राहु कमज़ोर हो

पीड़ित राहु भ्रम, धोखा, लत और चिंता लाता है।

हर भाव में राहु

रत्न केवल तभी पहनें जब कोई ज्योतिषी आपकी पूरी कुंडली देख ले — कठिन भावों के स्वामी ग्रह का रत्न नुकसान कर सकता है।