15 अप्रैल 2025 को दोहा का चौघड़िया

मंगलवार, 15 अप्रैल 2025, दोहा, Qatar। समय Asia/Qatar में है।

मंगलवार, 15 अप्रैल 2025 को दोहा में सूर्योदय के समय तिथि कृष्ण द्वितीया (08:25 तक), नक्षत्र विशाखा (00:40, 16 अप्रैल तक) और योग सिद्धि है। सूर्योदय 05:11 पर और सूर्यास्त 17:56 पर है। राहुकाल 14:45 से 16:20 तक है।

दिन और रात
दिन 05:11 – 17:56
रात 05:10 तक
तिथि
द्वितीया, 08:25 तक
तृतीया
नक्षत्र
विशाखा, 00:40 तक
अनुराधा
चौघड़िया
रोग
उद्वेग
चर
लाभ
अमृत
काल
शुभ
रोग
काल
लाभ
उद्वेग
शुभ
अमृत
चर
रोग
काल
राहुकाल, यमगंड और गुलिक
राहु
यम
गुलिक
अभिजीत और ब्रह्म मुहूर्त

15 अप्रैल 2025 का चौघड़िया

चौघड़िया दिन (सूर्योदय से सूर्यास्त) और रात (सूर्यास्त से अगले सूर्योदय) को आठ-आठ भागों में बांटता है। अमृत, शुभ और लाभ कार्य शुरू करने के लिए अच्छे हैं; चर यात्रा के लिए अच्छा है; उद्वेग, काल और रोग में नई शुरुआत से बचना बेहतर है।

दिन का चौघड़ियासमयफल
रोग05:11 – 06:47टालें
उद्वेग06:47 – 08:22टालें
चर08:22 – 09:58सामान्य
लाभ09:58 – 11:34शुभ
अमृत11:34 – 13:09शुभ
काल13:09 – 14:45टालें
शुभ14:45 – 16:20शुभ
रोग16:20 – 17:56टालें
रात का चौघड़ियासमयफल
काल17:56 – 19:20टालें
लाभ19:20 – 20:45शुभ
उद्वेग20:45 – 22:09टालें
शुभ22:09 – 23:33शुभ
अमृत23:33 – 00:57शुभ
चर00:57 – 02:22सामान्य
रोग02:22 – 03:46टालें
काल03:46 – 05:10टालें

15 अप्रैल 2025 का पंचांग

वारमंगलवार
तिथि
कृष्ण द्वितीया 08:25 तक
कृष्ण तृतीया 10:47, 16 अप्रैल तक
नक्षत्र
विशाखा 00:40, 16 अप्रैल तक
अनुराधा 03:25, 17 अप्रैल तक
योग
सिद्धि 21:02 तक
व्यतीपातअशुभ 21:48, 16 अप्रैल तक
करण
गर 08:25 तक
वणिज 21:38 तक
विष्टि (भद्रा) 10:47, 16 अप्रैल तक
चंद्र राशि
तुला 17:57 तक
सूर्य राशिमेष
पक्षकृष्ण पक्ष

सूर्य और चंद्रमा

सूर्योदय
05:11
सूर्यास्त
17:56
चंद्रोदय
20:12
चंद्रास्त
06:16
दिनमान
12h 45m

हिंदू कैलेंडर

मास (अमांत)
चैत्र
मास (पूर्णिमांत)
वैशाख
विक्रम संवत
2082
शक संवत
1947, विश्वावसु संवत्सर
ऋतु
वसंत
अयन
उत्तरायण

शुभ समय

ब्रह्म मुहूर्त
03:41 – 04:26
अभिजीत मुहूर्त
11:08 – 11:59

अशुभ समय

राहुकाल
14:45 – 16:20
यमगंड
08:22 – 09:58
गुलिक काल
11:34 – 13:09

होरा (ग्रहों के घंटे)

हर होरा दिन या रात का बारहवां भाग होता है और उस पर एक ग्रह का शासन होता है; सूर्योदय पर पहला होरा वार के स्वामी का होता है। किसी ग्रह के होरा का उपयोग उसके कारक कार्यों के लिए करें — पढ़ाई के लिए गुरु, कला के लिए शुक्र, व्यापार के लिए बुध।

होरा स्वामीसेतकदिन / रात
मंगल05:1106:15दिन
सूर्य06:1507:18दिन
शुक्र07:1808:22दिन
बुध08:2209:26दिन
चंद्र09:2610:30दिन
शनि10:3011:34दिन
गुरु11:3412:37दिन
मंगल12:3713:41दिन
सूर्य13:4114:45दिन
शुक्र14:4515:49दिन
बुध15:4916:52दिन
चंद्र16:5217:56दिन
शनि17:5618:52रात
गुरु18:5219:48रात
मंगल19:4820:45रात
सूर्य20:4521:41रात
शुक्र21:4122:37रात
बुध22:3723:33रात
चंद्र23:3300:29रात
शनि00:2901:25रात
गुरु01:2502:22रात
मंगल02:2203:18रात
सूर्य03:1804:14रात
शुक्र04:1405:10रात

अयनांश 24.2103° (लाहिड़ी)। समय दोहा (Asia/Qatar) के स्थानीय हैं।

किसी अन्य शहर का चौघड़िया

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अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

चौघड़िया क्या है?

चौघड़िया समय देखने की एक वैदिक पद्धति है, जो गुजरात और राजस्थान में लोकप्रिय है। इसमें दिन और रात को आठ-आठ भागों में बाँटा जाता है। हर भाग का स्वामी एक ग्रह होता है और उसका नाम अमृत, शुभ, लाभ, चर, उद्वेग, काल या रोग होता है।

कौन-सा चौघड़िया सबसे अच्छा है?

अमृत, शुभ और लाभ नए काम की शुरुआत, दस्तावेज़ों पर हस्ताक्षर और खरीदारी के लिए शुभ माने जाते हैं। चर यात्रा के लिए अच्छा है। उद्वेग, काल और रोग में परंपरागत रूप से नई शुरुआत से बचा जाता है।

चौघड़िया का समय हर दिन अलग क्यों होता है?

ये अवधियाँ आपके स्थान पर वास्तविक दिन (सूर्योदय से सूर्यास्त) और रात (सूर्यास्त से अगले सूर्योदय) का आठवाँ भाग होती हैं, इसलिए साल भर सूर्योदय और सूर्यास्त के साथ बदलती रहती हैं।

क्या चौघड़िया और राहु काल एक ही हैं?

नहीं। राहु काल हर दिन एक अशुभ अवधि है। चौघड़िया दिन और रात की सभी सोलह अवधियों का मूल्यांकन करता है।