23 सितंबर 2025 को दोहा का चौघड़िया

मंगलवार, 23 सितंबर 2025, दोहा, Qatar। समय Asia/Qatar में है।

मंगलवार, 23 सितंबर 2025 को दोहा में सूर्योदय के समय तिथि शुक्ल द्वितीया (02:22, 24 सित॰ तक), नक्षत्र हस्त (11:10 तक) और योग ब्रह्म है। सूर्योदय 05:22 पर और सूर्यास्त 17:29 पर है। राहुकाल 14:27 से 15:58 तक है।

दिन और रात
दिन 05:22 – 17:29
रात 05:23 तक
तिथि
द्वितीया, 02:22 तक
तृतीया
नक्षत्र
हस्त, 11:10 तक
चित्रा
चौघड़िया
रोग
उद्वेग
चर
लाभ
अमृत
काल
शुभ
रोग
काल
लाभ
उद्वेग
शुभ
अमृत
चर
रोग
काल
राहुकाल, यमगंड और गुलिक
राहु
यम
गुलिक
अभिजीत और ब्रह्म मुहूर्त

23 सितंबर 2025 का चौघड़िया

चौघड़िया दिन (सूर्योदय से सूर्यास्त) और रात (सूर्यास्त से अगले सूर्योदय) को आठ-आठ भागों में बांटता है। अमृत, शुभ और लाभ कार्य शुरू करने के लिए अच्छे हैं; चर यात्रा के लिए अच्छा है; उद्वेग, काल और रोग में नई शुरुआत से बचना बेहतर है।

दिन का चौघड़ियासमयफल
रोग05:22 – 06:53टालें
उद्वेग06:53 – 08:24टालें
चर08:24 – 09:55सामान्य
लाभ09:55 – 11:26शुभ
अमृत11:26 – 12:56शुभ
काल12:56 – 14:27टालें
शुभ14:27 – 15:58शुभ
रोग15:58 – 17:29टालें
रात का चौघड़ियासमयफल
काल17:29 – 18:58टालें
लाभ18:58 – 20:27शुभ
उद्वेग20:27 – 21:56टालें
शुभ21:56 – 23:26शुभ
अमृत23:26 – 00:55शुभ
चर00:55 – 02:24सामान्य
रोग02:24 – 03:54टालें
काल03:54 – 05:23टालें

23 सितंबर 2025 का पंचांग

वारमंगलवार
तिथि
शुक्ल द्वितीया 02:22, 24 सित॰ तक
शुक्ल तृतीया 04:36, 25 सित॰ तक
नक्षत्र
हस्त 11:10 तक
चित्रा 13:46, 24 सित॰ तक
योग
ब्रह्म 17:53 तक
इंद्र 18:32, 24 सित॰ तक
करण
बालव 13:21 तक
कौलव 02:22, 24 सित॰ तक
तैतिल 15:27, 24 सित॰ तक
चंद्र राशि
कन्या 00:26, 24 सित॰ तक
सूर्य राशिकन्या
पक्षशुक्ल पक्ष

सूर्य और चंद्रमा

सूर्योदय
05:22
सूर्यास्त
17:29
चंद्रोदय
06:33
चंद्रास्त
18:15
दिनमान
12h 6m

हिंदू कैलेंडर

मास (अमांत)
आश्विन
मास (पूर्णिमांत)
आश्विन
विक्रम संवत
2082
शक संवत
1947, विश्वावसु संवत्सर
ऋतु
शरद
अयन
दक्षिणायन

शुभ समय

ब्रह्म मुहूर्त
03:47 – 04:35
अभिजीत मुहूर्त
11:01 – 11:50

अशुभ समय

राहुकाल
14:27 – 15:58
यमगंड
08:24 – 09:55
गुलिक काल
11:26 – 12:56

होरा (ग्रहों के घंटे)

हर होरा दिन या रात का बारहवां भाग होता है और उस पर एक ग्रह का शासन होता है; सूर्योदय पर पहला होरा वार के स्वामी का होता है। किसी ग्रह के होरा का उपयोग उसके कारक कार्यों के लिए करें — पढ़ाई के लिए गुरु, कला के लिए शुक्र, व्यापार के लिए बुध।

होरा स्वामीसेतकदिन / रात
मंगल05:2206:23दिन
सूर्य06:2307:23दिन
शुक्र07:2308:24दिन
बुध08:2409:24दिन
चंद्र09:2410:25दिन
शनि10:2511:26दिन
गुरु11:2612:26दिन
मंगल12:2613:27दिन
सूर्य13:2714:27दिन
शुक्र14:2715:28दिन
बुध15:2816:28दिन
चंद्र16:2817:29दिन
शनि17:2918:28रात
गुरु18:2819:28रात
मंगल19:2820:27रात
सूर्य20:2721:27रात
शुक्र21:2722:26रात
बुध22:2623:26रात
चंद्र23:2600:25रात
शनि00:2501:25रात
गुरु01:2502:24रात
मंगल02:2403:24रात
सूर्य03:2404:23रात
शुक्र04:2305:23रात

अयनांश 24.2164° (लाहिड़ी)। समय दोहा (Asia/Qatar) के स्थानीय हैं।

किसी अन्य शहर का चौघड़िया

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अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

चौघड़िया क्या है?

चौघड़िया समय देखने की एक वैदिक पद्धति है, जो गुजरात और राजस्थान में लोकप्रिय है। इसमें दिन और रात को आठ-आठ भागों में बाँटा जाता है। हर भाग का स्वामी एक ग्रह होता है और उसका नाम अमृत, शुभ, लाभ, चर, उद्वेग, काल या रोग होता है।

कौन-सा चौघड़िया सबसे अच्छा है?

अमृत, शुभ और लाभ नए काम की शुरुआत, दस्तावेज़ों पर हस्ताक्षर और खरीदारी के लिए शुभ माने जाते हैं। चर यात्रा के लिए अच्छा है। उद्वेग, काल और रोग में परंपरागत रूप से नई शुरुआत से बचा जाता है।

चौघड़िया का समय हर दिन अलग क्यों होता है?

ये अवधियाँ आपके स्थान पर वास्तविक दिन (सूर्योदय से सूर्यास्त) और रात (सूर्यास्त से अगले सूर्योदय) का आठवाँ भाग होती हैं, इसलिए साल भर सूर्योदय और सूर्यास्त के साथ बदलती रहती हैं।

क्या चौघड़िया और राहु काल एक ही हैं?

नहीं। राहु काल हर दिन एक अशुभ अवधि है। चौघड़िया दिन और रात की सभी सोलह अवधियों का मूल्यांकन करता है।