4 जनवरी 2027 को पर्थ का चौघड़िया

सोमवार, 4 जनवरी 2027, पर्थ, ऑस्ट्रेलिया। समय Australia/Perth में है।

सोमवार, 4 जनवरी 2027 को पर्थ में सूर्योदय के समय तिथि कृष्ण द्वादशी (20:46 तक), नक्षत्र अनुराधा (02:45, 5 जन॰ तक) और योग शूल है। सूर्योदय 05:15 पर और सूर्यास्त 19:26 पर है। राहुकाल 07:02 से 08:48 तक है।

दिन और रात
दिन 05:15 – 19:26
रात 05:16 तक
तिथि
द्वादशी, 20:46 तक
त्रयोदशी
नक्षत्र
अनुराधा, 02:45 तक
ज्येष्ठा
चौघड़िया
अमृत
काल
शुभ
रोग
उद्वेग
चर
लाभ
अमृत
चर
रोग
काल
लाभ
उद्वेग
शुभ
अमृत
चर
राहुकाल, यमगंड और गुलिक
राहु
यम
गुलिक
अभिजीत और ब्रह्म मुहूर्त

4 जनवरी 2027 का चौघड़िया

चौघड़िया दिन (सूर्योदय से सूर्यास्त) और रात (सूर्यास्त से अगले सूर्योदय) को आठ-आठ भागों में बांटता है। अमृत, शुभ और लाभ कार्य शुरू करने के लिए अच्छे हैं; चर यात्रा के लिए अच्छा है; उद्वेग, काल और रोग में नई शुरुआत से बचना बेहतर है।

दिन का चौघड़ियासमयफल
अमृत05:15 – 07:02शुभ
काल07:02 – 08:48टालें
शुभ08:48 – 10:34शुभ
रोग10:34 – 12:21टालें
उद्वेग12:21 – 14:07टालें
चर14:07 – 15:53सामान्य
लाभ15:53 – 17:40शुभ
अमृत17:40 – 19:26शुभ
रात का चौघड़ियासमयफल
चर19:26 – 20:40सामान्य
रोग20:40 – 21:53टालें
काल21:53 – 23:07टालें
लाभ23:07 – 00:21शुभ
उद्वेग00:21 – 01:35टालें
शुभ01:35 – 02:49शुभ
अमृत02:49 – 04:02शुभ
चर04:02 – 05:16सामान्य

4 जनवरी 2027 का पंचांग

वारसोमवार
तिथि
कृष्ण द्वादशी 20:46 तक
कृष्ण त्रयोदशी 23:10, 5 जन॰ तक
नक्षत्र
अनुराधा 02:45, 5 जन॰ तक
ज्येष्ठा 05:37, 6 जन॰ तक
योग
शूलअशुभ 14:33 तक
गंडअशुभ 15:13, 5 जन॰ तक
करण
कौलव 07:40 तक
तैतिल 20:46 तक
गर 09:56, 5 जन॰ तक
चंद्र राशि
सूर्य राशिधनु
पक्षकृष्ण पक्ष

सूर्य और चंद्रमा

सूर्योदय
05:15
सूर्यास्त
19:26
चंद्रोदय
01:57
चंद्रास्त
16:44
दिनमान
14h 10m

हिंदू कैलेंडर

मास (अमांत)
मार्गशीर्ष
मास (पूर्णिमांत)
पौष
विक्रम संवत
2083
शक संवत
1948, पराभव संवत्सर
ऋतु
हेमंत
अयन
दक्षिणायन

शुभ समय

ब्रह्म मुहूर्त
03:57 – 04:36
अभिजीत मुहूर्त
11:52 – 12:49

अशुभ समय

राहुकाल
07:02 – 08:48
यमगंड
10:34 – 12:21
गुलिक काल
14:07 – 15:53

होरा (ग्रहों के घंटे)

हर होरा दिन या रात का बारहवां भाग होता है और उस पर एक ग्रह का शासन होता है; सूर्योदय पर पहला होरा वार के स्वामी का होता है। किसी ग्रह के होरा का उपयोग उसके कारक कार्यों के लिए करें — पढ़ाई के लिए गुरु, कला के लिए शुक्र, व्यापार के लिए बुध।

होरा स्वामीसेतकदिन / रात
चंद्र05:1506:26दिन
शनि06:2607:37दिन
गुरु07:3708:48दिन
मंगल08:4809:59दिन
सूर्य09:5911:10दिन
शुक्र11:1012:21दिन
बुध12:2113:32दिन
चंद्र13:3214:42दिन
शनि14:4215:53दिन
गुरु15:5317:04दिन
मंगल17:0418:15दिन
सूर्य18:1519:26दिन
शुक्र19:2620:15रात
बुध20:1521:04रात
चंद्र21:0421:53रात
शनि21:5322:43रात
गुरु22:4323:32रात
मंगल23:3200:21रात
सूर्य00:2101:10रात
शुक्र01:1001:59रात
बुध01:5902:49रात
चंद्र02:4903:38रात
शनि03:3804:27रात
गुरु04:2705:16रात

अयनांश 24.2343° (लाहिड़ी)। समय पर्थ (Australia/Perth) के स्थानीय हैं।

किसी अन्य शहर का चौघड़िया

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अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

चौघड़िया क्या है?

चौघड़िया समय देखने की एक वैदिक पद्धति है, जो गुजरात और राजस्थान में लोकप्रिय है। इसमें दिन और रात को आठ-आठ भागों में बाँटा जाता है। हर भाग का स्वामी एक ग्रह होता है और उसका नाम अमृत, शुभ, लाभ, चर, उद्वेग, काल या रोग होता है।

कौन-सा चौघड़िया सबसे अच्छा है?

अमृत, शुभ और लाभ नए काम की शुरुआत, दस्तावेज़ों पर हस्ताक्षर और खरीदारी के लिए शुभ माने जाते हैं। चर यात्रा के लिए अच्छा है। उद्वेग, काल और रोग में परंपरागत रूप से नई शुरुआत से बचा जाता है।

चौघड़िया का समय हर दिन अलग क्यों होता है?

ये अवधियाँ आपके स्थान पर वास्तविक दिन (सूर्योदय से सूर्यास्त) और रात (सूर्यास्त से अगले सूर्योदय) का आठवाँ भाग होती हैं, इसलिए साल भर सूर्योदय और सूर्यास्त के साथ बदलती रहती हैं।

क्या चौघड़िया और राहु काल एक ही हैं?

नहीं। राहु काल हर दिन एक अशुभ अवधि है। चौघड़िया दिन और रात की सभी सोलह अवधियों का मूल्यांकन करता है।