22 अक्टूबर 2025 को रियाद का चौघड़िया

बुधवार, 22 अक्टूबर 2025, रियाद, Saudi Arabia। समय Asia/Riyadh में है।

बुधवार, 22 अक्टूबर 2025 को रियाद में सूर्योदय के समय तिथि शुक्ल प्रतिपदा (17:47 तक), नक्षत्र स्वाति (23:21 तक) और योग प्रीति है। सूर्योदय 05:54 पर और सूर्यास्त 17:20 पर है। राहुकाल 11:37 से 13:03 तक है।

दिन और रात
दिन 05:54 – 17:20
रात 05:55 तक
तिथि
प्रतिपदा, 17:47 तक
द्वितीया
नक्षत्र
स्वाति, 23:21 तक
विशाखा
चौघड़िया
लाभ
अमृत
काल
शुभ
रोग
उद्वेग
चर
लाभ
उद्वेग
शुभ
अमृत
चर
रोग
काल
लाभ
उद्वेग
राहुकाल, यमगंड और गुलिक
राहु
यम
गुलिक
अभिजीत और ब्रह्म मुहूर्त

22 अक्टूबर 2025 का चौघड़िया

चौघड़िया दिन (सूर्योदय से सूर्यास्त) और रात (सूर्यास्त से अगले सूर्योदय) को आठ-आठ भागों में बांटता है। अमृत, शुभ और लाभ कार्य शुरू करने के लिए अच्छे हैं; चर यात्रा के लिए अच्छा है; उद्वेग, काल और रोग में नई शुरुआत से बचना बेहतर है।

दिन का चौघड़ियासमयफल
लाभ05:54 – 07:20शुभ
अमृत07:20 – 08:45शुभ
काल08:45 – 10:11टालें
शुभ10:11 – 11:37शुभ
रोग11:37 – 13:03टालें
उद्वेग13:03 – 14:28टालें
चर14:28 – 15:54सामान्य
लाभ15:54 – 17:20शुभ
रात का चौघड़ियासमयफल
उद्वेग17:20 – 18:54टालें
शुभ18:54 – 20:28शुभ
अमृत20:28 – 22:03शुभ
चर22:03 – 23:37सामान्य
रोग23:37 – 01:12टालें
काल01:12 – 02:46टालें
लाभ02:46 – 04:20शुभ
उद्वेग04:20 – 05:55टालें

22 अक्टूबर 2025 का पंचांग

वारबुधवार
तिथि
शुक्ल प्रतिपदा 17:47 तक
शुक्ल द्वितीया 20:17, 23 अक्टू॰ तक
नक्षत्र
स्वाति 23:21 तक
विशाखा 02:21, 24 अक्टू॰ तक
योग
प्रीति 01:35, 23 अक्टू॰ तक
आयुष्मान 02:29, 24 अक्टू॰ तक
करण
बव 17:47 तक
बालव 07:01, 23 अक्टू॰ तक
चंद्र राशि
सूर्य राशितुला
पक्षशुक्ल पक्ष

सूर्य और चंद्रमा

सूर्योदय
05:54
सूर्यास्त
17:20
चंद्रोदय
06:31
चंद्रास्त
17:41
दिनमान
11h 26m

हिंदू कैलेंडर

मास (अमांत)
कार्तिक
मास (पूर्णिमांत)
कार्तिक
विक्रम संवत
2082
शक संवत
1947, विश्वावसु संवत्सर
ऋतु
शरद
अयन
दक्षिणायन

शुभ समय

ब्रह्म मुहूर्त
04:14 – 05:04
अभिजीत मुहूर्त
11:14 – 12:00 (बुधवार को पारंपरिक रूप से वर्जित)

अशुभ समय

राहुकाल
11:37 – 13:03
यमगंड
07:20 – 08:45
गुलिक काल
10:11 – 11:37

होरा (ग्रहों के घंटे)

हर होरा दिन या रात का बारहवां भाग होता है और उस पर एक ग्रह का शासन होता है; सूर्योदय पर पहला होरा वार के स्वामी का होता है। किसी ग्रह के होरा का उपयोग उसके कारक कार्यों के लिए करें — पढ़ाई के लिए गुरु, कला के लिए शुक्र, व्यापार के लिए बुध।

होरा स्वामीसेतकदिन / रात
बुध05:5406:51दिन
चंद्र06:5107:48दिन
शनि07:4808:45दिन
गुरु08:4509:43दिन
मंगल09:4310:40दिन
सूर्य10:4011:37दिन
शुक्र11:3712:34दिन
बुध12:3413:31दिन
चंद्र13:3114:28दिन
शनि14:2815:25दिन
गुरु15:2516:23दिन
मंगल16:2317:20दिन
सूर्य17:2018:23रात
शुक्र18:2319:26रात
बुध19:2620:28रात
चंद्र20:2821:31रात
शनि21:3122:34रात
गुरु22:3423:37रात
मंगल23:3700:40रात
सूर्य00:4001:43रात
शुक्र01:4302:46रात
बुध02:4603:49रात
चंद्र03:4904:52रात
शनि04:5205:55रात

अयनांश 24.2176° (लाहिड़ी)। समय रियाद (Asia/Riyadh) के स्थानीय हैं।

किसी अन्य शहर का चौघड़िया

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अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

चौघड़िया क्या है?

चौघड़िया समय देखने की एक वैदिक पद्धति है, जो गुजरात और राजस्थान में लोकप्रिय है। इसमें दिन और रात को आठ-आठ भागों में बाँटा जाता है। हर भाग का स्वामी एक ग्रह होता है और उसका नाम अमृत, शुभ, लाभ, चर, उद्वेग, काल या रोग होता है।

कौन-सा चौघड़िया सबसे अच्छा है?

अमृत, शुभ और लाभ नए काम की शुरुआत, दस्तावेज़ों पर हस्ताक्षर और खरीदारी के लिए शुभ माने जाते हैं। चर यात्रा के लिए अच्छा है। उद्वेग, काल और रोग में परंपरागत रूप से नई शुरुआत से बचा जाता है।

चौघड़िया का समय हर दिन अलग क्यों होता है?

ये अवधियाँ आपके स्थान पर वास्तविक दिन (सूर्योदय से सूर्यास्त) और रात (सूर्यास्त से अगले सूर्योदय) का आठवाँ भाग होती हैं, इसलिए साल भर सूर्योदय और सूर्यास्त के साथ बदलती रहती हैं।

क्या चौघड़िया और राहु काल एक ही हैं?

नहीं। राहु काल हर दिन एक अशुभ अवधि है। चौघड़िया दिन और रात की सभी सोलह अवधियों का मूल्यांकन करता है।